राजस्थान हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, परिसर तुरंत खाली, जांच तेज

राजस्थान हाईकोर्ट के जयपुर परिसर में शुक्रवार सुबह एक बार फिर हड़कंप मच गया। कोर्ट प्रशासन की आधिकारिक ईमेल आईडी पर बम विस्फोट की धमकी भरा मेल प्राप्त होने के बाद सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूरे परिसर को खाली करा दिया।

राजस्थान हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, परिसर तुरंत खाली, जांच तेज

जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट के जयपुर परिसर में शुक्रवार सुबह एक बार फिर हड़कंप मच गया। कोर्ट प्रशासन की आधिकारिक ईमेल आईडी पर बम विस्फोट की धमकी भरा मेल प्राप्त होने के बाद सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूरे परिसर को खाली करा दिया। सभी कोर्ट कक्ष बंद कर दिए गए हैं और मुकदमों की सुनवाई स्थगित कर दी गई है। पुलिस, एटीएस (एंटी टेररिस्ट स्क्वायड), बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड को मौके पर बुलाया गया है, जहां व्यापक तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।

घटना का विवरण

धमकी का माध्यम: धमकी रजिस्ट्रार सीपीसी (सिविल प्रक्रिया संहिता) की ईमेल आईडी पर प्राप्त हुई। मेल में स्पष्ट रूप से बम विस्फोट की चेतावनी दी गई है, हालांकि इसकी सामग्री अभी गोपनीय रखी गई है।

तत्काल प्रतिक्रिया: मेल मिलते ही हाईकोर्ट प्रशासन ने अलर्ट जारी किया। मुख्य न्यायाधीश सहित सभी जज, वकील, कर्मचारी और विजिटर को सुरक्षित बाहर निकाला गया। परिसर के सभी गेट सील कर दिए गए हैं।

पिछली घटना का जिक्र: यह पहली बार नहीं है। 31 अक्टूबर 2025 को भी हाईकोर्ट को इसी तरह की धमकी मिली थी, जिसमें तमिलनाडु सरकार और नाबालिगों से रेप के मामलों पर नाराजगी जाहिर की गई थी। उस समय भी परिसर खाली कराया गया था, लेकिन कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।

सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई

जयपुर पुलिस के अनुसार, साइबर सेल मेल भेजने वाले के आईपी एड्रेस और अन्य डिजिटल ट्रेस का पता लगाने में जुटी है। एटीएस को संभावित आतंकी लिंक की जांच सौंपी गई है। बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड ने परिसर के हर कोने की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल, कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है।

पुलिस प्रवक्ता ने बताया, "हम हर संभावना की जांच कर रहे हैं। जयपुर में हाल के दिनों में कलेक्ट्रेट, मेडिकल कॉलेजों, स्कूलों और स्टेडियम को भी इसी तरह की धमकियां मिल चुकी हैं। सभी मामलों में ईमेल का इस्तेमाल किया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस लीड नहीं मिली।"

व्यापक संदर्भ

जयपुर में पिछले कुछ महीनों से बम धमकियों का सिलसिला जारी है। 3 दिसंबर को जयपुर कलेक्ट्रेट को मिली धमकी के बाद तलाशी ली गई, लेकिन कुछ नहीं मिला। इसी तरह, सवाई मानसिंह स्टेडियम, मेट्रो स्टेशनों और निजी अस्पतालों को भी निशाना बनाया गया। विशेषज्ञों का मानना है कि ये धमकियां होक्स (झूठी) हो सकती हैं, लेकिन सुरक्षा के लिहाज से इन्हें गंभीरता से लिया जा रहा है।

जनता के लिए अपील

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत दें। हाईकोर्ट परिसर के आसपास ट्रैफिक डायवर्ट किया गया है, इसलिए यात्रियों को वैकल्पिक रूट चुनने की सलाह दी गई है।

यह घटना राजस्थान की राजधानी में कानूनी व्यवस्था और सार्वजनिक सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही है। जांच पूरी होने के बाद और अपडेट दिए जाएंगे।