मदन राठौड़ का कांग्रेस पर करारा तंज, बोले– “ईश्वर कांग्रेसियों को सद्बुद्धि दे”

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने दौसा जिले के हिंगोटियां गांव में एक धार्मिक आयोजन के दौरान कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला। मनरेगा योजना का नाम बदले जाने को लेकर कांग्रेस द्वारा किए जा रहे विरोध पर प्रतिक्रिया देते हुए मदन राठौड़ ने कहा कि “ईश्वर कांग्रेसियों को सद्बुद्धि दे, ताकि वे देशहित में लिए जा रहे निर्णयों को समझ सकें।”

मदन राठौड़ का कांग्रेस पर करारा तंज, बोले– “ईश्वर कांग्रेसियों को सद्बुद्धि दे”

दौसा। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने दौसा जिले के हिंगोटियां गांव में एक धार्मिक आयोजन के दौरान कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला। मनरेगा योजना का नाम बदले जाने को लेकर कांग्रेस द्वारा किए जा रहे विरोध पर प्रतिक्रिया देते हुए मदन राठौड़ ने कहा कि “ईश्वर कांग्रेसियों को सद्बुद्धि दे, ताकि वे देशहित में लिए जा रहे निर्णयों को समझ सकें।”

भव्य स्वागत के बीच राजनीतिक संदेश

रविवार शाम हिंगोटियां गांव पहुंचे मदन राठौड़ का ग्रामीणों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने भव्य स्वागत किया। उन्हें 21 किलो फूलों की माला पहनाई गई और 31 मीटर लंबा साफा बांधकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान धार्मिक वातावरण के बीच राजनीतिक मुद्दों पर भी चर्चा हुई, जहां राठौड़ ने कांग्रेस के रुख पर चुटकी ली।

मनरेगा के नाम परिवर्तन पर कांग्रेस को घेरा

सभा को संबोधित करते हुए मदन राठौड़ ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा जनहित में लिए गए फैसलों का कांग्रेस बिना तथ्यों के विरोध कर रही है। उन्होंने कहा कि मनरेगा का नाम बदलकर ‘विकसित भारत–गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ किया गया है, जिसके तहत ग्रामीणों को पहले से अधिक लाभ मिलेंगे। इसके बावजूद कांग्रेस भ्रम फैलाने का काम कर रही है।

महेंद्रजीत सिंह मालवीय पर साफ जवाब

आदिवासी नेता महेंद्रजीत सिंह मालवीय के कांग्रेस में दोबारा शामिल होने की अटकलों पर मदन राठौड़ ने कहा कि फिलहाल उनके पास इस संबंध में कोई ठोस जानकारी नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा संगठन पूरी तरह मजबूत है और किसी भी तरह की राजनीतिक चर्चाओं से पार्टी की दिशा तय नहीं होती।

मंदिर को बताया आत्मिक शक्ति का केंद्र

मदन राठौड़ ने अपने संबोधन में मंदिरों के आध्यात्मिक महत्व पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मंदिर केवल पूजा का स्थान नहीं, बल्कि मानसिक शांति और आत्मिक शक्ति का केंद्र हैं। ईश्वर के चरणों में सच्ची प्रार्थना करने से कठिन से कठिन कार्य भी संभव हो जाते हैं।

बच्चों के संस्कार पर जोर

उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि बच्चों को अच्छे संस्कार देना समाज की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। बच्चे वही सीखते हैं जो वे अपने बड़ों को करते हुए देखते हैं, इसलिए हर व्यक्ति को अपने आचरण से समाज के सामने एक सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत करना चाहिए।

कांग्रेस कर रही है विरोध

गौरतलब है कि केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा योजना में बदलाव करते हुए रोजगार के दिनों को 100 से बढ़ाकर 125 करने और साप्ताहिक भुगतान की व्यवस्था लागू की गई है। इसके बावजूद कांग्रेस पार्टी सरकार पर मनरेगा को कमजोर करने और धीरे-धीरे समाप्त करने का आरोप लगा रही है, जिसे भाजपा सिरे से खारिज कर रही है।