जयपुर के वर्धमान ग्रुप पर इनकम टैक्स की कार्रवाई, करोड़ों की बेहिसाब नकदी बरामद, गिनती जारी

राजस्थान की राजधानी जयपुर में आज गुरुवार सुबह आयकर विभाग की टीम ने वर्धमान ग्रुप पर बड़ी कार्रवाई की। रियल एस्टेट और शिक्षा क्षेत्र में सक्रिय इस प्रतिष्ठित ग्रुप के आधा दर्जन से अधिक ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई।

जयपुर के वर्धमान ग्रुप पर इनकम टैक्स की कार्रवाई, करोड़ों की बेहिसाब नकदी बरामद, गिनती जारी

जयपुर। राजस्थान की राजधानी जयपुर में आज गुरुवार सुबह आयकर विभाग की टीम ने वर्धमान ग्रुप पर बड़ी कार्रवाई की। रियल एस्टेट और शिक्षा क्षेत्र में सक्रिय इस प्रतिष्ठित ग्रुप के आधा दर्जन से अधिक ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। मानसरोवर स्थित वर्धमान इंटरनेशनल स्कूल परिसर में ग्रुप के मुख्य ऑफिस से करोड़ों रुपये की बेहिसाब नकदी बरामद हुई है। विभाग की टीम नकदी की गिनती में जुटी हुई है, और पूरे अभियान में टैक्स चोरी के कई बड़े खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है।

काउंटिंग मशीनें मंगाकर शुरू हुई गिनती, काली कमाई का शक

सूत्रों के अनुसार, वर्धमान ग्रुप का मुख्यालय मानसरोवर के स्कूल परिसर में ही है। सुबह तलाशी के दौरान टीम को इतनी भारी मात्रा में नकदी मिली कि मौके पर ही काउंटिंग मशीनें मंगानी पड़ीं। अब तक करोड़ों रुपये की अनुमानित राशि गिनी जा चुकी है, लेकिन पूरी प्रक्रिया अभी जारी है। यह नकदी ग्रुप की कथित काली कमाई मानी जा रही है, जो रियल एस्टेट सौदों और शिक्षा संस्थानों के माध्यम से छिपाई गई हो सकती है। आयकर अधिकारी ग्रुप के प्रमुख पदाधिकारियों से पूछताछ कर रहे हैं, साथ ही उनके बैंक खातों, संपत्तियों और निवेशों की जांच कर रहे हैं।

वर्धमान ग्रुप का विस्तृत कारोबार

जयपुर के प्रमुख व्यापारिक घरानों में शुमार वर्धमान ग्रुप मुख्य रूप से रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स और एजुकेशन सेक्टर में सक्रिय है। ग्रुप के पास कई आवासीय और व्यावसायिक संपत्तियां हैं, जबकि शिक्षा क्षेत्र में वर्धमान इंटरनेशनल स्कूल जैसे संस्थान चलाए जाते हैं। विभाग की जांच का फोकस रियल एस्टेट डील्स में कैश ट्रांजेक्शन से टैक्स चोरी और स्कूल फीस व डोनेशन के जरिए आय छिपाने पर है। ग्रुप के ठिकानों पर दस्तावेजों की छानबीन से टैक्स ईवेजन के सबूत मिलने की संभावना है।

शाम तक बड़ा खुलासा संभव, गोपनीयता बरतते हुए जारी जांच

यह कार्रवाई पूर्ण गोपनीयता के साथ चल रही है। नकदी गिनती और तलाशी पूरी होने के बाद शाम या रात तक विभाग जब्त राशि, बेहिसाब संपत्ति और टैक्स चोरी की अनुमानित रकम का आधिकारिक बयान जारी कर सकता है। जयपुर के व्यापारिक हलकों में इस छापेमारी ने हड़कंप मचा दिया है, और अन्य रियल एस्टेट फर्मों पर भी नजर रखी जा रही है।