अजित पवार के निधन के बाद NCP का भविष्य: कौन संभालेगा नेतृत्व?

महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार के विमान हादसे में निधन के बाद NCP में नेतृत्व को लेकर बड़ा संकट खड़ा हो गया है। सुनेत्रा पवार, पार्थ पवार, रोहित पवार और शरद पवार गुट के साथ संभावित पुनर्मिलन जैसे विकल्पों पर सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं।

अजित पवार के निधन के बाद NCP का भविष्य: कौन संभालेगा नेतृत्व?

मुंबई : महाराष्ट्र के डिप्टी मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (NCP) के प्रभावशाली नेता अजित पवार के विमान हादसे में अचानक निधन के बाद पार्टी और महाराष्ट्र राजनीति में बड़ा नेतृत्व संकट खड़ा हो गया है। उनके जाने से न सिर्फ NCP के करियरियों को झटका लगा है, बल्कि यह सवाल भी गहरा गया है कि अब NCP का नेतृत्व किसके हाथ में होगा और क्या पार्टी में कोई एक नई पीढ़ी या फिर फैक्शनल समेकन देखने को मिलेगा।

 प्रमुख दावेदार — सुनेत्रा पवार

अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार, जो वर्तमान में राज्यसभा सांसद हैं, को एक संभावित उत्तराधिकारी के रूप में लेकर काफी चर्चा हो रही है। कई राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि सुनेत्रा को पार्टी का नेतृत्व संभालने वाला पहला विकल्प माना जा सकता है क्योंकि वे पार्टी के भीतर अजित के करीबी सहयोगी और परिवार की राजनीति से भी जुड़ी हैं। इससे NCP में आंतरिक समन्वय और संरचना को बनाए रखने में मदद मिल सकती है।

 पार्टी के युवा चेहरे — पार्थ पवार और रोहित पवार

कुछ रिपोर्टों में यह भी सामने आया है कि अजित पवार के बेटों — पार्थ पवार और जय पवार को भी पार्टी की कमान संभालने की उम्मीद के साथ देखा जा रहा है। पार्थ कुछ राजनीति में सक्रिय रूप से दिख रहे हैं, जबकि रोहित पवार (शरद पवार के पोते) को भी पंजाब एवं महाराष्ट्र में नया युवा नेतृत्व माना जा रहा है। इन दोनों को लेकर पार्टी में कई नई पीढ़ी के नेताओं के रूप में भी चर्चा है।

 शरद पवार और NCP (SP) के साथ विलय या पुनर्मिलन

अजित पवार 2023 में अपनी पार्टी के बागी गुट के साथ अलग हुई NCP को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (Ajit Pawar faction) के रूप में स्थापित कर चुके थे। लेकिन हाल के महीनों में उन्होंने शरद पवार के NCP (SP) के साथ कुछ मेलजोल दिखाया, जिससे दो गुटों के पुनर्मिलन की संभावना भी चर्चा में रही है। अजित के निधन के बाद यह संभावित पुनर्मिलन अब और भी संभव माना जा रहा है, ताकि NCP को एकजुट राष्ट्रीय राजनीतिक मंच के रूप में फिर से खड़ा किया जा सके।

 वरिष्ठ नेता भी सामने

पार्टी के कुछ अन्य वरिष्ठ नेताओं जैसे प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे को भी नेतृत्व की संभावनाओं के रूप में देखा जा रहा है। वे दोनों पार्टी के लंबे समय से जुड़े राजनेता हैं और संगठनात्मक रुप से NCP में स्थिरता प्रदान कर सकते हैं, विशेषकर ऐसे समय जब राज्य सरकार और गठबंधन राजनीति पर संतुलन की आवश्यकता है।

 राजनीतिक परिदृश्य बदलने की संभावना

अजित पवार के निधन के बाद NCP के दो मुख्य विकल्प सामने आ रहे हैं:

आपसी पुनर्मिलन — Sharad Pawar के नेतृत्व में NCP के दोनों गुटों का मिलकर एक संयुक्त पार्टी बनाना, या

नई पीढ़ी का उदय — पार्थ पवार, सुनेत्रा पवार या रोहित पवार में से किसी को नेतृत्व सौंपना।

राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पार्टी का विलय होता है और दोनों गुट फिर से एक साथ आते हैं, तो यह NCP को महाराष्ट्र और राष्ट्रीय स्तर पर फिर से सशक्त कर सकता है। वहीं, यदि नई पीढ़ी उठ कर सामने आती है, तो पार्टी में नया ऊर्जा केंद्र विकसित हो सकता है।