पुलिसकर्मियों पर अब होगी सीधी कार्रवाई, राजस्थान पुलिस ने जारी किए व्हाट्सएप नंबर और ईमेल आईडी
राजस्थान पुलिस ने अब अपने ही सिस्टम में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पुलिस मुख्यालय ने घोषणा की है कि अपराधियों से मिलीभगत करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सीधी और सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जयपुर। राजस्थान पुलिस ने अब अपने ही सिस्टम में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पुलिस मुख्यालय ने घोषणा की है कि अपराधियों से मिलीभगत करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सीधी और सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए एक विशेष व्हाट्सएप नंबर और ईमेल आईडी जारी किए गए हैं, जहां नागरिक गोपनीय रूप से शिकायत दर्ज करा सकेंगे।
शिकायत होगी सीधे पुलिस मुख्यालय तक
राजस्थान पुलिस के अनुसार, अब कोई भी नागरिक अगर किसी पुलिसकर्मी या अधिकारी की अपराधियों से सांठगांठ, भ्रष्टाचार या गलत कार्यों में लिप्तता की जानकारी रखता है, तो वह व्हाट्सएप, वीडियो, ऑडियो या लिखित साक्ष्य के माध्यम से सीधे पुलिस मुख्यालय को भेज सकता है। पुलिस महानिदेशक ने सभी जिला पुलिस अधीक्षकों (SPs) और रेंज IGs को निर्देश दिए हैं कि प्राप्त शिकायतों की तुरंत जांच की जाए और रिपोर्ट मुख्यालय को भेजी जाए।
जिला और रेंज स्तर पर विशेष मॉनिटरिंग
हर जिले और रेंज स्तर पर एक अधिकृत अधिकारी नियुक्त किया जाएगा, जो इन शिकायतों की निगरानी और जांच करेगा। पुलिस विभाग का कहना है कि दोषी पाए जाने पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इस पहल का उद्देश्य है कि जनता सीधे पुलिस व्यवस्था की निगरानी में भागीदार बन सके और विभाग के भीतर ईमानदारी व पारदर्शिता को बढ़ावा मिले।
‘पुलिस पारदर्शिता मिशन’ की पहल
राजस्थान पुलिस ने इस अभियान को “पुलिस पारदर्शिता मिशन” नाम दिया है। इस मिशन के तहत शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी ताकि कोई भी व्यक्ति भयमुक्त होकर भ्रष्टाचार या गलत कार्यों के खिलाफ आवाज उठा सके। पुलिस विभाग का मानना है कि यह कदम जनता और पुलिस के बीच विश्वास मजबूत करने में मदद करेगा और भ्रष्टाचार मुक्त पुलिस व्यवस्था की दिशा में यह एक बड़ा सुधार साबित होगा।
पुलिस की नई पहल से बढ़ेगा जनता का भरोसा
इस कदम को राजस्थान पुलिस की ओर से सिस्टम सुधार की दिशा में ऐतिहासिक पहल बताया जा रहा है। अब नागरिक न केवल अपराधियों के खिलाफ, बल्कि उन पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी शिकायत दर्ज करा सकेंगे, जो अपराधियों के साथ मिलीभगत रखते हैं या अपने पद का दुरुपयोग करते हैं।

