कलयुगी बेटे ने की मां की हत्या, शादी की जिद पूरी न होने से की ये वारदात
राजस्थान के नारायणपुर उपखंड के लीलामंढा गांव की तुर्किया की ढाणी में मंगलवार देर रात शादी की जिद ने एक मां की जान ले ली। 28 साल का बेरोजगार बेटा राहुल शर्मा इतना बेकाबू हो गया कि उसने अपनी 55 वर्षीय मां कमला देवी के सिर पर चारपाई की लकड़ी की बाई से तब तक वार किए।
नारायणपुर। राजस्थान के नारायणपुर उपखंड के लीलामंढा गांव की तुर्किया की ढाणी में मंगलवार देर रात शादी की जिद ने एक मां की जान ले ली। 28 साल का बेरोजगार बेटा राहुल शर्मा इतना बेकाबू हो गया कि उसने अपनी 55 वर्षीय मां कमला देवी के सिर पर चारपाई की लकड़ी की बाई से तब तक वार किए, जब तक उनकी खोपड़ी नहीं टूट गई और जान नहीं निकल गई। पुलिस ने 72 घंटे के अंदर फरार आरोपी को गिरफ्तार कर शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
रोज का झगड़ा बना खूनी खेल
परिजनों और पुलिस के अनुसार, ITI पास राहुल शर्मा लंबे समय से बेरोजगार था और लगातार शादी करवाने की जिद कर रहा था। मां-पिता उसकी शादी के लिए तैयार नहीं थे। इसी बात को लेकर घर में रोज कलह होती थी। मंगलवार रात करीब 8 बजे कमला देवी और उनके पति सूरजभान शर्मा (70) कमरे में बैठे थे। बाहर से राहुल की गाली-गलौज की आवाजें आने लगीं। बात इतनी बढ़ी कि कमला देवी डर के मारे कमरे से निकलकर चौक की तरफ भागीं, लेकिन अंधेरे में पैर फिसलने से गिर पड़ीं।
गुस्से से पागल राहुल ने पास पड़ी चारपाई की मोटी बाई उठाई और गिर चुकी मां के सिर पर एक के बाद एक इतने जोरदार वार किए कि खोपड़ी टूटकर अंदर धंस गई। पुलिस का कहना है कि वार इतने निर्मम थे कि मां की मौके पर ही मौत हो गई। हमला करने के बाद राहुल तुरंत मौके से फरार हो गया।
शुरू में छुपाई गई सच्चाई
पड़ोसी घायल कमला देवी को अस्पताल ले गए, लेकिन वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने पहले तो एक्सीडेंट की झूठी कहानी बताई, लेकिन पुलिस को शक हुआ। घटना स्थल पर खून के बड़े धब्बे, टूटी चूड़ियां और चारपाई की खून से सनी बाई ने पूरी सच्चाई उजागर कर दी।
72 घंटे में दबोचा कलयुगी बेटा
जिला पुलिस अधीक्षक देवेंद्र कुमार विश्नोई के निर्देश पर बानसूर सीओ मेघा गोयल और नए थानाधिकारी रजनी कुमारी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। FSL और MOB टीम ने साक्ष्य जुटाए। महज 72 घंटे में पुलिस ने फरार राहुल शर्मा को दबोच लिया। मामला इतना संवेदनशील था कि मृतका के पति ने भी शिकायत नहीं की, इसलिए थानाधिकारी रोहिताश कुमार की ओर से ही FIR दर्ज की गई। शुक्रवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। यह जघन्य हत्याकांड पूरे नारायणपुर और आसपास के क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग बेरोजगारी और गुस्से के इस खौफनाक रूप को देखकर स्तब्ध हैं।

