BAP पार्टी को लगा बड़ा झटका - मणिलाल गरासिया और 10 अन्य नेताओं ने छोड़ा साथ

राजस्थान की राजनीति में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला, जब भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के संयोजक और आदिवासी नेतृत्व के प्रमुख सदस्य मणिलाल गरासिया सहित दस अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की।  यह कदम BAP के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है और राजनीतिक समीकरणों पर प्रभाव डाल सकता है। कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित सदस्यता ग्रहण कार्यक्रम में सभी नेताओं ने कांग्रेस में अपनी पार्टी परिवर्तन की घोषणा की और पार्टी सदस्यता ली। 

BAP पार्टी को लगा बड़ा झटका - मणिलाल गरासिया और 10 अन्य नेताओं ने छोड़ा साथ

राजस्थान की राजनीति में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला, जब भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के संयोजक और आदिवासी नेतृत्व के प्रमुख सदस्य मणिलाल गरासिया सहित दस अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की।  यह कदम BAP के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है और राजनीतिक समीकरणों पर प्रभाव डाल सकता है। कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित सदस्यता ग्रहण कार्यक्रम में सभी नेताओं ने कांग्रेस में अपनी पार्टी परिवर्तन की घोषणा की और पार्टी सदस्यता ली। 

मणिलाल गरासिया के अलावा शामिल नेताओं में वागड़ अंचल के कई वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल रहे जैसे :

पूर्व जिलाध्यक्ष दिलीप पणदा

गढ़ी ब्लॉक अध्यक्ष नारायण बामणिया 

तलवाड़ा अध्यक्ष शंकर मईडा 

ब्लॉक अध्यक्ष सनी भाई डेंडोर 

ट्राइबल मजदूर संघ के पदाधिकारी हेनरी पटेल 

नितेश कतिजा 

मनीष मईडा 

पवन बुझ 

दिनेश डाबी, इन सभी नेताओं ने आज कांग्रेस में औपचारिक रूप से शामिल होकर अपनी राजनितिक शाखा बदल ली।

मणिलाल गरासिया ने बताया की वे आदिवासी समुदाय के हितों को बेहतर तरीके से आगे बढ़ने के लिए कांग्रेस के साथ जुड़ रहे है।  उन्होंने कहा की जिस उद्देश्य से BAP की स्थापना की गयी थी, वह अब उस लक्ष्य से भटकती जा रही है और क्षेत्र में फोकस फोकस खो रही थी, इसलिए उन्होंने यह बड़ा राजनीतिक कदम उठाया।

राजस्थान की सियासत में यह कदम खासा महत्वपूर्ण मन जा रहा है, क्योंकि BAP एक क्षेत्रीय दल के रूप में आदिवासी वोट बैंक पर प्रभाव रखता है।  इसकी सदस्यता से कांग्रेस को स्थानीय स्तर पर मजबूती मिल सकती है और आगामी चुनावी रणनीतियों में यह बदलाव निर्णायक भूमिका निभा सकता है।