पांचना विवाद:पहले नाराज होकर निकले, फिर लौटे किरोड़ी... आखिर सुलझ गया 20 साल पुराना पांचना विवाद
राजस्थान के 20 साल पुराने पांचना बांध जल विवाद का समाधान हो गया है। सरकार और किसान प्रतिनिधियों के बीच समझौते के बाद 6 जुलाई तक बांध का पानी छोड़ने पर सहमति बनी।
राजस्थान के बहुचर्चित और करीब 20 साल पुराने पांचना बांध जल विवाद का आखिरकार समाधान निकल आया है। मंगलवार देर रात जयपुर में सरकार और किसान प्रतिनिधियों के बीच हुई लंबी वार्ता के बाद दोनों पक्षों में सहमति बन गई। समझौते के तहत पांचना बांध का पानी 6 जुलाई तक छोड़ा जाएगा। दोनों पक्षों ने सहमति पत्र पर हस्ताक्षर भी कर दिए हैं।
इससे पहले मंगलवार रात शिक्षा संकुल स्थित माधव सभागार में सरकार के तीन मंत्रियों और दोनों पक्षों के किसान प्रतिनिधियों के बीच बैठक हुई थी। हालांकि शुरुआती दौर की वार्ता बेनतीजा रही। कमांड एरिया के किसान प्रतिनिधि बैठक बीच में ही छोड़कर चले गए, जबकि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा भी नाराज होकर सभागार से बाहर निकल गए थे। इससे विवाद सुलझने की उम्मीदें कमजोर पड़ गई थीं।

हालांकि देर रात एक बार फिर बातचीत का दौर शुरू हुआ। रात करीब 10 बजे किरोड़ी लाल मीणा दोबारा माधव सभागार पहुंचे, जहां उन्होंने मंत्री सुरेश रावत और जवाहर सिंह के साथ रणनीति पर चर्चा की। इसके बाद तीनों मंत्रियों ने दोनों पक्षों के किसान प्रतिनिधियों से अलग-अलग और संयुक्त रूप से वार्ता की।
कई दौर की चर्चा और आपसी सहमति के बाद विवाद का समाधान निकल गया। दोनों पक्षों ने समझौते पर हस्ताक्षर किए, जिसके साथ ही वर्षों से चला आ रहा जल विवाद समाप्त होने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि तय सहमति के अनुसार 6 जुलाई तक पांचना बांध का पानी छोड़ा जाएगा।

