जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ खुलते ही बाजार की नजरें रिलायंस पर, ₹1,119 तक तय हुआ शेयर का भाव

जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ 21 अक्टूबर 2026 को खुल गया है। जानें 1,065 से 1,119 रुपये का प्राइस बैंड, एंकर निवेशकों से जुटाई गई रकम और सेंसेक्स-निफ्टी की चाल से जुड़ी अहम जानकारी।

जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ खुलते ही बाजार की नजरें रिलायंस पर, ₹1,119 तक तय हुआ शेयर का भाव

शेयर बाजार में बुधवार, 21 अक्टूबर 2026 को निवेशकों की नजर जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ पर टिकी है। रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ आज सुबह 10 बजे सब्सक्रिप्शन के लिए खुला। कंपनी ने इस इश्यू का प्राइस बैंड 1,065 रुपये से 1,119 रुपये प्रति शेयर तय किया है। आईपीओ खुलने से पहले ही कंपनी को बड़े संस्थागत निवेशकों से अच्छा समर्थन मिलने की जानकारी सामने आई है। वहीं, शेयर बाजार में तेजी के बीच रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में भी निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई है।

Jio Platforms IPO की अहम बातें

जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ को लेकर बाजार में काफी चर्चा है। कंपनी ने इस इश्यू के जरिए निवेशकों से पूंजी जुटाने की तैयारी की है। आईपीओ से पहले एंकर निवेशकों से कंपनी ने करीब 8,109.84 करोड़ रुपये जुटाए हैं। यह संस्थागत निवेशकों की ओर से मिले शुरुआती समर्थन को दर्शाता है।

कंपनी के इश्यू में 27 करोड़ तक नए शेयर जारी किए जाने की जानकारी दी गई है। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि रिटेल निवेशकों और अन्य श्रेणियों से इस आईपीओ को कैसी प्रतिक्रिया मिलती है।

आईपीओ से जुड़ी प्रमुख जानकारी:

  • - आईपीओ खुलने की तारीख:** 21 अक्टूबर 2026
  • - सब्सक्रिप्शन शुरू होने का समय: सुबह 10 बजे
  • - प्राइस बैंड:1,065 से 1,119 रुपये प्रति शेयर
  • - एंकर निवेशकों से जुटाई गई रकम:** करीब 8,109.84 करोड़ रुपये
  • - नए शेयर:** 27 करोड़ तक

शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स-निफ्टी हरे निशान में

बुधवार को घरेलू शेयर बाजार ने तेजी के साथ कारोबार की शुरुआत की। सेंसेक्स और निफ्टी शुरुआती कारोबार में हरे निशान में रहे। बाजार की इस चाल के बीच जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर पर निवेशकों की नजर बनी हुई है।

वैश्विक बाजारों से भी मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं। एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया के कोस्पी और जापान के निक्केई में करीब 3.1 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। इससे पहले अमेरिकी बाजार भी पिछले कारोबारी सत्र में बढ़त के साथ बंद हुए थे। डाउ जोन्स में 1.02 प्रतिशत और एसएंडपी 500 में 0.28 प्रतिशत की बढ़त रही।

हालांकि, बाजार की आगे की दिशा तय करने में कई दूसरे कारक भी महत्वपूर्ण होंगे। निवेशक वैश्विक आर्थिक हालात, कच्चे तेल की कीमतों और घरेलू स्तर पर खरीदारी के रुझान पर नजर रखेंगे।

110 डॉलर के आसपास ब्रेंट क्रूड, बाजार के लिए अहम संकेत

कच्चे तेल की कीमतें भी शेयर बाजार के लिए महत्वपूर्ण बनी हुई हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, ब्रेंट क्रूड करीब 110 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रहा है। तेल की कीमतों में तेजी का असर भारत की आयात लागत, महंगाई और कंपनियों के खर्च पर पड़ सकता है।

ऐसे माहौल में निवेशक केवल आईपीओ के प्रदर्शन पर ही नहीं, बल्कि वैश्विक बाजारों और कमोडिटी कीमतों के रुझान पर भी ध्यान दे रहे हैं।

 निवेशकों की नजर अब सब्सक्रिप्शन के आंकड़ों पर

जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ के खुलने के बाद अब सब्सक्रिप्शन के आंकड़े अहम होंगे। इससे पता चलेगा कि अलग-अलग श्रेणियों के निवेशकों की ओर से इश्यू को कैसी प्रतिक्रिया मिल रही है।

हालांकि, शुरुआती तेजी या संस्थागत निवेशकों की भागीदारी को भविष्य के रिटर्न की गारंटी नहीं माना जा सकता। निवेशकों को कंपनी के मूल्यांकन, वित्तीय प्रदर्शन, आईपीओ की शर्तों और अपने जोखिम उठाने की क्षमता को ध्यान में रखकर फैसला करना चाहिए।

कुल मिलाकर, 21 अक्टूबर को शेयर बाजार में जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ, रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों की चाल, वैश्विक बाजारों के संकेत और कच्चे तेल की कीमतें निवेशकों के लिए प्रमुख निगरानी बिंदु बने हुए हैं।