बलकर से टकराई कार, डॉक्टर दंपती और दो बच्चों की मौत; जन्मदिन समारोह से लौट रहा था परिवार
राजस्थान के बारां में कवाई-अटरू हाईवे पर कार और बलकर की टक्कर में डॉक्टर दंपती और उनके दो बच्चों की मौत हो गई। परिवार जन्मदिन समारोह से जयपुर लौट रहा था।
कवाई-अटरू हाईवे पर पेट्रोल पंप के पास हुआ हादसा, कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त; पुलिस ने चारों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
कवाई-अटरू हाईवे पर कार और बलकर की भिड़ंत
राजस्थान के बारां जिले में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे में डॉक्टर दंपती और उनके दो बच्चों की मौत हो गई। हादसा कवाई थाना क्षेत्र में कवाई-अटरू हाईवे पर एक पेट्रोल पंप के पास हुआ, जहां कार की बलकर से टक्कर हो गई।
टक्कर इतनी तेज थी कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद दंपती कार के अंदर फंस गए। सूचना मिलने पर कवाई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से सभी चारों को कार से बाहर निकाला।
अस्पताल पहुंचने से पहले नहीं बच सकी जान
पुलिस और स्थानीय लोगों ने चारों घायलों को अटरू चिकित्सालय पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद चारों को मृत घोषित कर दिया।
मृतकों की पहचान डॉ. सुरेश गजराज, उनकी पत्नी डॉ. शालिनी मौर्य और उनके दोनों बच्चों स्वपनिल व निलिशा के रूप में हुई है।
रिश्तेदार के बच्चे के जन्मदिन में शामिल होने आया था परिवार
जानकारी के अनुसार डॉ. सुरेश गजराज मूल रूप से सूरजगढ़, झुंझुनूं के रहने वाले थे और वर्तमान में जयपुर में रह रहे थे। वह अपनी पत्नी और दोनों बच्चों के साथ 19 सितंबर को बारां पहुंचे थे।
परिवार रिश्तेदार के बच्चे के जन्मदिन समारोह में शामिल होने के बाद मंगलवार सुबह कार से जयपुर लौट रहा था। इसी दौरान कवाई-अटरू हाईवे पर पेट्रोल पंप के पास उनकी कार हादसे का शिकार हो गई।
करीब 4 साल से मांडल में दे रहे थे सेवाएं
डॉ. सुरेश गजराज और डॉ. शालिनी मौर्य पिछले करीब चार वर्षों से भीलवाड़ा जिले के मांडल उप चिकित्सालय में सेवाएं दे रहे थे। डॉ. सुरेश अस्पताल प्रभारी के तौर पर भी कार्यरत बताए गए हैं।
दोनों डॉक्टरों और उनके बच्चों की एक साथ मौत की खबर से मांडल कस्बे सहित चिकित्सा जगत में शोक का माहौल है।
पुलिस ने शुरू की आवश्यक कार्रवाई
हादसे की सूचना मृतकों के परिजनों को दे दी गई है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य के बाद आवश्यक कार्रवाई शुरू की। हादसे के कारणों और दुर्घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।

