Nagaur Crime: स्कॉर्पियो-कैंपर से पीछा कर ठेकेदार की क्रेटा को मारी टक्कर, लाठी-हॉकी से दौड़ा-दौड़ाकर पीटा

नागौर में नेशनल हाईवे-62 पर टांकला टोल के पास बदमाशों ने ठेकेदार हेतराम की क्रेटा कार को टक्कर मारकर रोक लिया और लाठी-हॉकी से हमला कर दिया। घटना में ठेकेदार गंभीर रूप से घायल हुए हैं। वारदात का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस जांच में जुटी है।

Nagaur Crime: स्कॉर्पियो-कैंपर से पीछा कर ठेकेदार की क्रेटा को मारी टक्कर, लाठी-हॉकी से दौड़ा-दौड़ाकर पीटा

नागौर में बदमाशों ने एक ठेकेदार पर लाठी और हॉकी से हमला कर दिया। आरोप है कि स्कॉर्पियो और कैंपर में सवार युवकों ने पहले ठेकेदार की क्रेटा कार का पीछा किया और टक्कर मारकर उसे रोक दिया। इसके बाद कार से बाहर निकालकर ठेकेदार के साथ मारपीट की गई। घटना में वह गंभीर रूप से घायल हो गया।

वारदात नेशनल हाईवे-62 पर टांकला टोल के पास रविवार शाम करीब 6 बजे हुई। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ युवक लाठी और हॉकी से ठेकेदार पर हमला करते नजर आ रहे हैं।

कार को टक्कर मारकर रोका

जानकारी के अनुसार, बीकानेर निवासी हेतराम सेंड स्टोन रॉयल्टी के ठेकेदार हैं। रविवार शाम वह क्रेटा कार से कहीं जा रहे थे। उनके साथ कार में एक अन्य युवक भी सवार था।

प्रत्यक्षदर्शी राजवीर धोलिया के अनुसार, स्कॉर्पियो और कैंपर में सवार युवकों ने क्रेटा कार का पीछा किया। टांकला टोल के पास आरोपियों ने कार को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद क्रेटा अनियंत्रित होकर एक पेड़ के पास जाकर रुक गई।

कार से निकालकर लाठी-हॉकी से पीटा

प्रत्यक्षदर्शी के मुताबिक, कार रुकते ही दोनों वाहनों में सवार युवक नीचे उतरे और क्रेटा पर लाठियों से हमला करना शुरू कर दिया। इसके बाद कार चला रहे हेतराम को पकड़कर उनके हाथ-पैरों पर लाठी और हॉकी से कई वार किए गए।

हेतराम के साथ कार में मौजूद दूसरा युवक बदमाशों को देखकर मौके से भाग गया। हमले के बाद आरोपी दोनों वाहनों में सवार होकर जोधपुर की ओर फरार हो गए।

राहगीरों ने पहुंचाया अस्पताल

हमले के बाद हेतराम गंभीर रूप से घायल हालत में सड़क किनारे पड़े थे। वहां से गुजर रहे राहगीरों ने उन्हें संभाला और टांकला टोल पर घटना की सूचना दी। इसके बाद एंबुलेंस की मदद से घायल ठेकेदार को खींवसर जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है।

घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस मामले की जांच में जुटी है। आरोपियों की पहचान और हमले के पीछे की वजह का पता लगाया जा रहा है।