बिजली सप्लाई शुरू होने से झुलसा कर्मचारी, विधायक रविंद्र भाटी धरने पर; कार्रवाई और मुआवजे की मांग
बाड़मेर के शिव क्षेत्र में बिजली लाइन की मरम्मत के दौरान करंट लगने से एफआरटी कर्मचारी लक्ष्मणदास झुलस गया। विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने कार्रवाई और मुआवजे की मांग को लेकर धरना दिया।
राजस्थान के बाड़मेर जिले में बिजली लाइन ठीक करते समय करंट की चपेट में आने से एक कर्मचारी गंभीर रूप से झुलस गया। घटना के बाद शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी सोमवार को समर्थकों के साथ डिस्कॉम के एसई कार्यालय में धरने पर बैठ गए। उन्होंने हादसे के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई और घायल कर्मचारी को मुआवजा देने की मांग की। विधायक ने स्पष्ट कहा कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, धरना जारी रहेगा।
शटडाउन के बावजूद शुरू हुई बिजली सप्लाई
जानकारी के अनुसार, शिव क्षेत्र के कुमावत नगर में बिजली लाइन में फॉल्ट ठीक करने के लिए एफआरटी कर्मचारी लक्ष्मणदास अपनी टीम के साथ पहुंचा था। बताया गया कि शटडाउन लेने के बाद वह लाइन ठीक करने के लिए बिजली के पोल पर चढ़ा। इसी दौरान जीएसएस से बिजली सप्लाई शुरू कर दी गई, जिससे लक्ष्मणदास करंट की चपेट में आकर नीचे गिर गया।

गंभीर हालत में उसे पहले शिव अस्पताल ले जाया गया। इसके बाद बेहतर उपचार के लिए बाड़मेर अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है।
शिव में बाजार बंद, डिस्कॉम कार्यालय पर लगाया ताला
हादसे के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली। ग्रामीणों ने शिव में डिस्कॉम कार्यालय पर ताला लगाकर नारेबाजी की। विरोध के दौरान बाजार बंद रहने की भी जानकारी सामने आई। इसके बाद विधायक रविंद्र सिंह भाटी घायल कर्मचारी के पिता और समर्थकों के साथ बाड़मेर स्थित एसई कार्यालय पहुंचे और धरने पर बैठ गए।
पिता ने कर्मचारी पर लगाया गंभीर आरोप
घायल कर्मचारी के पिता कन्हैयालाल ने आरोप लगाया कि रविवार शाम करीब चार बजे लाइन में खराबी की सूचना मिलने पर लक्ष्मणदास मरम्मत के लिए गया था। उनके मुताबिक, जब उनका बेटा पोल पर चढ़कर काम कर रहा था, तभी डिस्कॉम कर्मचारी अलसाराम ने बिजली सप्लाई शुरू कर दी। पिता ने संबंधित कर्मचारी पर शराब के नशे में होने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि घटना के 24 घंटे बाद भी डिस्कॉम के किसी अधिकारी ने परिवार की सुध नहीं ली।

विधायक की मांग- जिम्मेदारों पर हो कार्रवाई
विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने कहा कि हादसा डिस्कॉम की लापरवाही के कारण हुआ है। उन्होंने मांग की कि घटना के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए और घायल कर्मचारी को उचित मुआवजा दिया जाए। भाटी ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, वे धरने पर बैठे रहेंगे।
एसई बोले- घायल का इलाज प्राथमिकता
डिस्कॉम के एसई अशोक मीणा ने बताया कि जीएसएस और एफआरटी दोनों का काम ठेके पर दिया गया है। विधायक और घायल कर्मचारी के परिजनों के साथ बातचीत चल रही है। उन्होंने कहा कि फिलहाल घायल कर्मचारी का उचित इलाज सुनिश्चित करना प्राथमिकता है।

