शिवाजी पार्क में बिना अनुमति प्रदर्शन पर पुलिस का एक्शन, CJP समर्थकों के खिलाफ FIR
मुंबई के शिवाजी पार्क में बिना अनुमति CJP के प्रदर्शन को लेकर पुलिस ने FIR दर्ज की है। जानिए किन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ और पुलिस ने क्या आरोप लगाए।
मुंबई के दादर स्थित शिवाजी पार्क में 2 अक्टूबर को हुए CJP के प्रदर्शन को लेकर पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी गई थी, इसके बावजूद बड़ी संख्या में लोग वहां जुटे। इसके बाद आयोजकों और अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
अनुमति नहीं मिलने के बावजूद हुआ प्रदर्शन
पुलिस के अनुसार, CJP के पदाधिकारियों ने शिवाजी पार्क में प्रदर्शन की अनुमति मांगी थी, लेकिन इसकी मंजूरी नहीं दी गई। इसके बावजूद शुक्रवार शाम शिवाजी पार्क के गेट नंबर 6 और मीनाताई ठाकरे स्मारक के सामने प्रदर्शन किया गया।
प्रदर्शन के दौरान सार्वजनिक स्थान पर सभा करने, नारेबाजी करने और बिना अनुमति लाउडस्पीकर के इस्तेमाल के आरोप लगाए गए हैं। पुलिस अब मामले की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज समेत अन्य साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पुलिस ने CJP के राष्ट्रीय संगठन प्रमुख अजिंक्य शिंदे, मुंबई कोऑर्डिनेटर प्रणव आहिरे, आशुतोष रांका, अभिजीत दीपके, सौरभ दास, आफरीन नवाज, सौम्या कोरडे, अंकित भारद्वाज, विजय मलंगी और योगेश इंगले समेत अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 189(2), 223 और महाराष्ट्र पुलिस कानून की धारा 37(1), 37(3) तथा 135 के तहत कार्रवाई की गई है।
प्रदर्शन में उठे चुनाव और मतदान से जुड़े मुद्दे
प्रदर्शन के दौरान CJP की ओर से चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दे उठाए गए। संगठन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की।
प्रदर्शन में फिल्म और कला जगत से जुड़े कुछ लोग भी शामिल हुए थे। पुलिस की कार्रवाई के बाद अब आयोजकों की भूमिका और प्रदर्शन के दौरान नियमों के कथित उल्लंघन की जांच की जा रही है।
पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई
प्रदर्शन को देखते हुए दादर और शिवाजी पार्क इलाके में पुलिस की तैनाती बढ़ाई गई थी। इलाके में बैरिकेडिंग भी की गई थी। पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान सार्वजनिक व्यवस्था और यातायात से जुड़े नियमों के उल्लंघन की शिकायतों को भी जांच में शामिल किया जा रहा है।
प्रदर्शन में शामिल लोगों की संख्या को लेकर पुलिस और आयोजकों के आंकड़ों में अंतर सामने आया है। पुलिस ने भीड़ का अनुमान करीब 4,500 से 5,000 बताया, जबकि CJP की ओर से इससे कहीं अधिक संख्या का दावा किया गया।

