आबूरोड रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास: 81.51 करोड़ की स्वीकृति, यात्रियों को नई सुविधाएं मिलेगी

रेल मंत्रालय ने आबूरोड रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास के लिए 81.51 करोड़ रुपए स्वीकृत किए हैं। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत यह स्टेशन नए रूप में विकसित होगा और यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करेगा।

आबूरोड रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास: 81.51 करोड़ की स्वीकृति, यात्रियों को नई सुविधाएं मिलेगी

रेल मंत्रालय ने आबूरोड रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास के लिए 81.51 करोड़ रुपए की मंजूरी दी है। यह परियोजना अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आ रही है और इसका उद्देश्य यात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना है।

नए विकास कार्य

अजमेर मंडल रेल प्रबंधक राजू भूतड़ा ने बताया कि आबूरोड रेलवे स्टेशन मंडल के प्रमुख स्टेशनों में से एक है। स्टेशन का पुनर्विकास इसे आधुनिक स्वरूप देगा और यात्रियों के लिए सुविधाओं का स्तर बढ़ाएगा।

स्वीकृत राशि का वितरण इस प्रकार है:

  • निर्माण लागत: 74.87 करोड़
  • यूटिलिटी सर्विसेज: 0.75 करोड़
  • आर्टवर्क: 0.19 करोड़
  • डिजाइन चार्ज: 0.75 करोड़
  • ग्रीन बिल्डिंग सर्टिफिकेशन: 0.07 करोड़
  • फर्नीचर: 0.75 करोड़
  • कंटीन्जेंसीज: 0.77 करोड़
  • डिपार्टमेंटल चार्जेज: 3.36 करोड़

परियोजनाओं का व्यापक दायरा

आबूरोड स्टेशन का विकास अंबाजी-आबूरोड-तारंगा हिल नई रेललाइन परियोजना से जोड़ा गया है, जिसकी कुल लागत करीब 28 हजार करोड़ रुपए है। परियोजना पूर्ण होने पर स्थानीय स्टेशन से नई यात्री गाड़ियों का संचालन शुरू होगा, जिससे यात्रियों की संख्या में वृद्धि होगी।

अजमेर मंडल के अन्य स्टेशन

अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत अजमेर मंडल के 15 स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है। इसमें उदयपुर और अजमेर स्टेशनों पर भी कार्य जारी या स्वीकृत है।

ऐतिहासिक और पर्यटन महत्व

आबूरोड रेलवे स्टेशन 145 साल का गौरवशाली इतिहास रखता है। मीटर गेज से शुरू होकर वर्तमान में ब्रॉडगेज लाइन, राजधानी, शताब्दी और वंदे भारत जैसी ट्रेनों के संचालन तक यह स्टेशन महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुका है। यह माउंट आबू का प्रवेश द्वार होने के कारण देश-विदेश के पर्यटकों के लिए प्रमुख है। निकट ही स्थित अंबाजी मंदिर भी यात्रियों और श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।