क्रिकेटर यश दयाल को हाईकोर्ट से बड़ा झटका, दुष्कर्म मामले में अग्रिम जमानत खारिज
क्रिकेटर यश दयाल को दुष्कर्म से जुड़े मामले में राजस्थान हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। मामले की सुनवाई राजस्थान हाईकोर्ट की जस्टिस प्रवीण भटनागर की एकलपीठ में हुई।
जयपुर। क्रिकेटर यश दयाल को दुष्कर्म से जुड़े मामले में राजस्थान हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। मामले की सुनवाई राजस्थान हाईकोर्ट की जस्टिस प्रवीण भटनागर की एकलपीठ में हुई। कोर्ट ने जांच को गंभीर मानते हुए जांच अधिकारी को तलब किया है और यश दयाल को 19 जनवरी को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने के आदेश दिए हैं।
पीड़िता के वकील की सख्त दलील
सुनवाई के दौरान पीड़िता की ओर से अधिवक्ता दिवेश शर्मा ने कोर्ट को बताया कि आरोपी ने पीड़िता को अंडर-19 वर्ल्ड कप और प्रीमियर लीग में खेलने का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। उन्होंने दलील दी कि यह मामला पॉक्सो एक्ट के अंतर्गत आता है और पीड़िता नाबालिग है, ऐसे में सहमति का कोई प्रश्न ही नहीं उठता।
पीड़िता के वकील ने यह भी कहा कि आरोपी के खिलाफ प्रथम दृष्टया ठोस साक्ष्य मौजूद हैं और इससे पहले भी पॉक्सो कोर्ट अग्रिम जमानत खारिज कर चुकी है।
पहले भी खारिज हो चुकी है याचिका
इससे पहले 24 दिसंबर को जयपुर महानगर प्रथम स्थित पॉक्सो कोर्ट-3 की जज अलका बंसल ने भी यश दयाल की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत नहीं होता कि आरोपी को झूठे आरोपों में फंसाया गया है। अब तक की जांच में आरोपी की संलिप्तता के पर्याप्त संकेत मिले हैं और उससे विस्तृत पूछताछ अभी शेष है, इसलिए इस स्तर पर अग्रिम जमानत नहीं दी जा सकती।
क्या है आरोप
शिकायत के अनुसार, 3–4 मई को जयपुर में आईपीएल मैच के दौरान आरोपी ने पीड़िता को रेलवे स्टेशन के पास एक होटल में बुलाया और शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला। इसके बाद सितंबर 2023 में आरोपी ने पीड़िता को कानपुर बुलाकर होटल में जबरन दुष्कर्म किया।
हाईकोर्ट के इस फैसले के बाद यश दयाल की कानूनी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।

