ईरान-इजरायल तनाव के बीच दुबई में फंसे जोधपुर के 120 श्रद्धालु सुरक्षित लौटे

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच दुबई में फंसे जोधपुर के 120 से अधिक श्रद्धालु और दो संत सुरक्षित भारत लौट आए। दुबई से कोच्चि पहुंचने के बाद श्रद्धालु अलग-अलग फ्लाइट से अपने घरों की ओर रवाना हुए।

ईरान-इजरायल तनाव के बीच दुबई में फंसे जोधपुर के 120 श्रद्धालु सुरक्षित लौटे

जोधपुर से एक राहत भरी खबर सामने आई है। मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण दुबई में फंसे करीब 120 श्रद्धालु और दो संत सुरक्षित भारत लौट आए हैं। इनकी सुरक्षित वापसी से परिवारों ने राहत की सांस ली है।

जानकारी के अनुसार सूरसागर स्थित बड़ा रामद्वारा से जुड़े संत अमृत राम महाराज और मनोहर दास महाराज के सान्निध्य में 120 से अधिक श्रद्धालु 23 फरवरी 2026 को दुबई सत्संग यात्रा और धार्मिक कथा कार्यक्रम के लिए गए थे। यह यात्रा 28 फरवरी तक निर्धारित थी, जहां संत अमृत राम महाराज ने भक्ति कथा का आयोजन किया। सभी श्रद्धालु रामस्नेही संप्रदाय से जुड़े हुए थे।

युद्ध जैसे हालात से अटकी वापसी

कथा समाप्त होने के बाद मध्य पूर्व में ईरान और इजरायल के बीच तनाव बढ़ गया। मिसाइल हमलों और सुरक्षा कारणों से कई उड़ानें रद्द कर दी गईं।

जब श्रद्धालु दुबई एयरपोर्ट पहुंचे तो उन्हें वापस होटल भेज दिया गया। मीना बाजार क्षेत्र के एक होटल में उन्हें अस्थायी रूप से ठहरना पड़ा। कई दिनों तक उड़ानें बंद रहने और धमाकों की खबरों के बीच श्रद्धालु चिंता में रहे, वहीं होटल और अन्य खर्चों का आर्थिक दबाव भी बढ़ने लगा।

संतों ने भजन-कीर्तन से बढ़ाया हौसला

इस मुश्किल समय में संत अमृत राम महाराज और मनोहर दास महाराज ने श्रद्धालुओं का मनोबल बनाए रखा। भजन-कीर्तन, होली गीत और राम भक्ति के माध्यम से सभी को हिम्मत दी गई।

जोधपुर में संत रामप्रसाद महाराज ने वीडियो कॉल के जरिए श्रद्धालुओं को संदेश भेजकर धैर्य रखने की सलाह दी। परिवारों ने सोशल मीडिया के जरिए सरकार से मदद की अपील भी की। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी विदेश मंत्रालय से हस्तक्षेप की मांग की थी।

दुबई से कोच्चि पहुंचा जत्था

हालात सामान्य होने के बाद उड़ानें शुरू हुईं और श्रद्धालु सुरक्षित भारत के लिए रवाना हुए। देर रात वे दुबई से कोच्चि एयरपोर्ट पहुंचे। वहां से अलग-अलग फ्लाइट्स के जरिए आगे की यात्रा की गई।

संतों सहित करीब 20 लोग बेंगलुरु पहुंचे, जबकि अधिकांश श्रद्धालुओं के दोपहर तक जोधपुर पहुंचने की संभावना जताई गई।

सुरक्षित वापसी से परिवारों में खुशी

संत रामप्रसाद महाराज ने कहा कि भगवान की कृपा से सभी श्रद्धालु सुरक्षित घर लौट आए, यही सबसे बड़ी राहत है।

जोधपुर के इन श्रद्धालुओं की सुरक्षित वापसी से न केवल उनके परिवारों में खुशी है, बल्कि पूरे रामस्नेही संप्रदाय और भक्तों में भी राहत और उत्साह का माहौल है।