Jaipur Nikay Chunav: प्रत्याशियों के चयन में BJP-कांग्रेस की माथापच्ची, बगावत के डर से आखिरी वक्त तक नहीं जारी की लिस्ट

जयपुर नगर निकाय चुनाव में बीजेपी और कांग्रेस ने नामांकन के आखिरी दिन प्रत्याशियों की सूची जारी की। कांग्रेस ने शाम को सूची जारी कर मिशन 100 का लक्ष्य बताया।

Jaipur Nikay Chunav: प्रत्याशियों के चयन में BJP-कांग्रेस की माथापच्ची, बगावत के डर से आखिरी वक्त तक नहीं जारी की लिस्ट

जयपुर नगर निकाय चुनाव में प्रत्याशियों के चयन को लेकर इस बार बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही दलों में जमकर मंथन हुआ। टिकट के दावेदारों की लंबी सूची और संभावित बगावत को देखते हुए दोनों पार्टियों ने नामांकन की अंतिम तारीख तक अपने पत्ते नहीं खोले। हालात ऐसे रहे कि दावेदारों को नामांकन दाखिल करने के लिए फोन किए जाते रहे, लेकिन उन्हें पार्टी की आधिकारिक प्रत्याशी सूची उपलब्ध नहीं कराई गई।

नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 31 अगस्त को बीजेपी ने सुबह करीब 10 बजे अपनी प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी। वहीं कांग्रेस ने इससे भी ज्यादा देर करते हुए नामांकन का समय खत्म होने के करीब दो घंटे बाद अपनी सूची सार्वजनिक की। कांग्रेस ने शाम करीब सवा पांच बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए प्रत्याशियों के नामों का ऐलान किया।

BJP से ज्यादा कांग्रेस को बगावत का डर?

जयपुर निकाय चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 27 अगस्त से 31 अगस्त तक चली। हालांकि इस दौरान रक्षाबंधन और रविवार की छुट्टी होने के कारण प्रत्याशियों को नामांकन दाखिल करने के लिए केवल 27, 29 और 31 अगस्त का ही समय मिला।

दोनों प्रमुख दलों ने अंतिम दिन की सुबह तक उम्मीदवारों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की थी। बीजेपी ने सोमवार सुबह करीब 10 बजे सूची जारी कर दी, जबकि कांग्रेस ने नामांकन की समय सीमा समाप्त होने के बाद प्रत्याशियों के नाम सामने रखे।

कांग्रेस की ओर से जयपुर शहर अध्यक्ष सुनील शर्मा के निवास पर शाम करीब सवा पांच बजे प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इसी दौरान पार्टी ने अपनी सूची सार्वजनिक की। इस देरी को पार्टी में संभावित बगावत और टिकट कटने से नाराज दावेदारों के निर्दलीय मैदान में उतरने की आशंका से जोड़कर देखा जा रहा है।

कांग्रेस ने बताया अपना 'मिशन 100'

कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस में जयपुर शहर अध्यक्ष सुनील शर्मा के साथ निकाय चुनाव प्रभारी रोहित बोहरा, पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास और विधायक रफीक खान भी मौजूद रहे।

सुनील शर्मा ने कहा कि पार्टी ने इस बार युवाओं को अधिक प्रतिनिधित्व देने पर जोर दिया है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के ज्यादातर प्रत्याशी 50 वर्ष से कम उम्र के हैं।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस का लक्ष्य जयपुर नगर निगम के 150 वार्डों में से कम से कम 100 वार्डों में मजबूत प्रदर्शन करना और संगठन को मजबूत करना है। सुनील शर्मा ने भरोसा जताया कि चुनाव के बाद जयपुर नगर निगम में कांग्रेस का बोर्ड बनेगा।

अंतिम समय तक चला टिकट का सस्पेंस

बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही दलों में टिकट को लेकर अंतिम समय तक बैठकों का दौर चलता रहा। स्थानीय समीकरण, जातीय गणित, जीत की संभावनाओं और दावेदारों की सक्रियता को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवारों के नामों पर अंतिम फैसला लिया गया।

अब दोनों प्रमुख दलों की सूची सामने आने के बाद जयपुर नगर निकाय चुनाव का मुकाबला और दिलचस्प हो गया है। टिकट नहीं मिलने वाले दावेदारों की अगली रणनीति पर भी सभी की नजरें रहेंगी।