जन्माष्टमी पर जयपुर में ट्रैफिक का नया प्लान: परकोटे में ऑटो-ई-रिक्शा की नो-एंट्री, गोविंददेवजी जाने से पहले जान लें पार्किंग और डायवर्जन
जन्माष्टमी पर जयपुर के गोविंददेवजी, इस्कॉन और अक्षय पात्र मंदिरों में भारी भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक व्यवस्था बदली गई है। परकोटे में कई वाहनों की एंट्री पर रोक, 15 जगहों पर पार्किंग और QR कोड से लाइव पार्किंग व डायवर्जन की जानकारी मिलेगी।
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर राजधानी जयपुर के प्रमुख मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना को देखते हुए यातायात पुलिस ने विशेष ट्रैफिक व्यवस्था लागू की है। गोविंददेवजी मंदिर के साथ इस्कॉन और अक्षय पात्र मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा और शहर में जाम की स्थिति से बचने के लिए कई मार्गों पर वाहनों की आवाजाही नियंत्रित की गई है।
सबसे ज्यादा सख्ती परकोटे क्षेत्र में रहेगी। यहां ई-रिक्शा, ऑटो, हल्के मालवाहक वाहनों और सिटी बसों के प्रवेश पर रोक लगाई गई है। गोविंददेवजी मंदिर की ओर जाने वाले प्रमुख रास्तों को नो-व्हीकल जोन घोषित किया गया है। ऐसे में श्रद्धालुओं को अपने वाहन निर्धारित पार्किंग स्थलों पर खड़े करने के बाद आगे की यात्रा पैदल करनी पड़ सकती है।
जन्माष्टमी पर गोविंददेवजी मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। इसे देखते हुए मंदिर तक पहुंचने वाले प्रमुख मार्गों पर विशेष यातायात व्यवस्था की गई है। बड़ी चौपड़, सुभाष चौक और जलेबी चौक सहित परकोटे के कई प्रमुख रास्तों पर ट्रैफिक डायवर्जन रहेगा।
यातायात पुलिस के अनुसार, भीड़ और वाहनों के दबाव को देखते हुए स्थिति के हिसाब से रूट में बदलाव भी किया जा सकता है। एमआई रोड पर ट्रैफिक का दबाव बढ़ने पर बसों के मार्ग में भी जरूरत के अनुसार परिवर्तन किया जाएगा।
15 जगहों पर पार्किंग, 6 हजार से ज्यादा वाहनों की क्षमता
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जयपुर में 15 स्थानों पर विशेष पार्किंग व्यवस्था की गई है। इन पार्किंग स्थलों पर करीब 6,345 दोपहिया और चारपहिया वाहनों को खड़ा करने की व्यवस्था रहेगी। कार और बाइक के लिए अलग-अलग पार्किंग ब्लॉक बनाए गए हैं।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे भीड़भाड़ वाले इलाकों में निजी वाहनों का कम से कम इस्तेमाल करें। जन्माष्टमी के दौरान मंदिरों तक पहुंचने के लिए सार्वजनिक परिवहन और जयपुर मेट्रो का उपयोग करना अधिक सुविधाजनक हो सकता है।
QR कोड से मिलेगी लाइव पार्किंग की जानकारी
इस बार ट्रैफिक व्यवस्था में तकनीक का भी इस्तेमाल किया गया है। श्रद्धालु QR कोड स्कैन कर पार्किंग स्थलों की लाइव लोकेशन, नो-व्हीकल जोन और ट्रैफिक डायवर्जन की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।
इस सुविधा से लोगों को पार्किंग तलाशने और रास्तों की जानकारी लेने में आसानी होगी। घर से निकलने से पहले श्रद्धालु QR कोड के जरिए ट्रैफिक प्लान देखकर अपनी यात्रा की योजना बना सकते हैं।
घर से निकलने से पहले जरूर देखें ट्रैफिक प्लान
जन्माष्टमी पर जयपुर के गोविंददेवजी, इस्कॉन और अक्षय पात्र मंदिरों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। ऐसे में परकोटे और मंदिरों के आसपास ट्रैफिक का दबाव बढ़ सकता है। यातायात पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे प्रतिबंधित मार्गों और नो-व्हीकल जोन की जानकारी पहले ही प्राप्त कर लें।
पार्किंग की सही जानकारी और डायवर्जन रूट जानकर निकलने से जाम में फंसने से बचा जा सकता है। श्रद्धालुओं से यातायात नियमों का पालन करने और पुलिस की ओर से जारी निर्देशों का सहयोग करने की भी अपील की गई है।

