‘हम जंग पर जा रहे हैं’… भारत में बेटे का लिवर-किडनी ट्रांसप्लांट कराने आई पाकिस्तानी महिला ने सुनाया अनुभव, बोली- डॉक्टर परिवार जैसे लगे
भारत में बेटे के लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट के 11 साल बाद पाकिस्तानी महिला ने इलाज और भारतीय मेडिकल स्टाफ के अनुभव को सोशल मीडिया वीडियो में साझा किया।
भारत और पाकिस्तान के बीच राजनीतिक और कूटनीतिक रिश्तों में भले ही लंबे समय से तनाव रहा हो, लेकिन आम लोगों के अनुभव कई बार इस तस्वीर से बिल्कुल अलग नजर आते हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में एक पाकिस्तानी महिला ने भारत में अपने बेटे के इलाज का अनुभव साझा किया है। महिला के मुताबिक, उसके बेटे का लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट भारत में हुआ था और इस इलाज के करीब 11 साल बाद भी वह पूरी तरह स्वस्थ है।
महिला ने भारत में मिले इलाज और अस्पताल के स्टाफ के व्यवहार की जमकर तारीफ की। उसने बताया कि भारत आने से पहले उसके मन में काफी डर और बेचैनी थी, लेकिन यहां पहुंचने के बाद उसका अनुभव उसकी उम्मीदों से बिल्कुल अलग रहा।
‘हमें लगा था जैसे किसी जंग पर जा रहे हैं’
वायरल वीडियो में महिला बताती है कि जब उसके बेटे के इलाज के लिए भारत आने की बात तय हुई, तो परिवार काफी परेशान था। उनके लिए भारत एक ऐसा पड़ोसी देश था, जिसके साथ राजनीतिक रिश्ते तनावपूर्ण रहे हैं।
महिला के अनुसार, भारत आने से पहले उन्हें ऐसा महसूस हो रहा था जैसे वे किसी जंग के मैदान में जा रहे हों। वहां उनका कोई रिश्तेदार या करीबी दोस्त भी नहीं था, ऐसे में इलाज को लेकर चिंता और ज्यादा थी।
लेकिन भारत पहुंचने के बाद अस्पताल और आसपास के माहौल ने उनकी सोच पूरी तरह बदल दी।
11 साल पहले हुआ था लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट
महिला ने बताया कि उसके बेटे के लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट को करीब 11 साल हो चुके हैं। उसके मुताबिक, आज उसका बेटा स्वस्थ है और यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहा है।
महिला ने कहा कि लोग आज भी उससे पूछते हैं कि भारत में इलाज कराने का अनुभव कैसा रहा। इसी सवाल के जवाब में उसने अपने अनुभव को वीडियो के जरिए साझा किया।
उसने बताया कि परिवार के कुल पांच लोग भारत आए थे। उसके एक रिश्तेदार ने बच्चे को अंगदान किया था। ऐसे मुश्किल समय में परिवार को उम्मीद थी कि शायद दूसरे देश में होने के कारण उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
लेकिन अस्पताल पहुंचने के बाद उनका अनुभव बिल्कुल अलग रहा।
‘डॉक्टर और नर्स परिवार की तरह पेश आए’
महिला ने भारतीय डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ के व्यवहार की खास तौर पर तारीफ की। उसने कहा कि भारत में उसे ऐसा महसूस हुआ जैसे वह किसी अनजान देश में नहीं बल्कि अपने ही लोगों के बीच है।
महिला के मुताबिक, उसके साथ परिवार का कोई सदस्य या दोस्त मौजूद नहीं था। वे केवल फोन के जरिए पाकिस्तान में अपने परिवार से संपर्क कर पाते थे। ऐसे समय में अस्पताल के डॉक्टरों और नर्सों ने उन्हें भावनात्मक सहारा दिया।
उसने दावा किया कि जब उसके बेटे को परेशानी होती थी तो इलाज कर रहे डॉक्टर और नर्स भी भावुक हो जाते थे।
पाकिस्तान में इलाज के अनुभव से की तुलना
वायरल वीडियो में महिला ने भारत और पाकिस्तान में इलाज के दौरान मिले अनुभवों की तुलना भी की। उसने कहा कि पाकिस्तान में कुछ डॉक्टरों के व्यवहार से उसे कई बार ऐसा महसूस हुआ कि जैसे बच्चे की बीमारी के लिए परिवार ही जिम्मेदार हो।
महिला ने कहा कि डॉक्टरों की कुछ बातें सुनकर वह घंटों तक रोती थी। इसके विपरीत भारत में उसे डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ से सहानुभूति और सहयोग मिला।
हालांकि, यह महिला का व्यक्तिगत अनुभव है और इसे दोनों देशों की पूरी स्वास्थ्य व्यवस्था पर सामान्य निष्कर्ष के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
‘दुश्मनी की बातें सियासी खेल हैं’
महिला ने अपने अनुभव के आधार पर भारत और पाकिस्तान के आम लोगों के रिश्तों को लेकर भी अपनी राय रखी। उसने कहा कि दोनों देशों के लोगों के बीच दुश्मनी की भावना को बढ़ाने वाली कई बातें राजनीतिक स्तर पर बनाई गई हैं।
उसके मुताबिक, आम लोगों के बीच एक-दूसरे के लिए मोहब्बत और अपनापन मौजूद है। भारत में इलाज के दौरान उसे जो अपनापन मिला, उसने उसके मन में मौजूद कई धारणाओं को बदल दिया।
महिला ने कहा कि उसका भारत में अनुभव बेहद अच्छा रहा और वह इसे हमेशा याद रखेगी।
सोशल मीडिया पर वीडियो को मिल रही मिली-जुली प्रतिक्रिया
यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे Instagram के **ramnam.666** अकाउंट से शेयर किया गया है। वीडियो को बड़ी संख्या में लोगों ने देखा और इस पर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं।
कुछ यूजर्स ने महिला के अनुभव को भारत-पाकिस्तान के आम लोगों के बीच इंसानियत और मोहब्बत की मिसाल बताया। वहीं कुछ लोगों ने यह तर्क दिया कि किसी एक व्यक्ति के अनुभव के आधार पर दोनों देशों की पूरी व्यवस्था के बारे में निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
एक यूजर ने ‘सियासी खेल’ और ‘मोहब्बत जिंदाबाद’ जैसी प्रतिक्रिया दी। वहीं कुछ यूजर्स ने इलाज में आर्थिक स्थिति की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए।
वायरल वीडियो ने फिर छेड़ी इंसानियत पर चर्चा
भारत-पाकिस्तान के बीच तनावपूर्ण रिश्तों के बीच सामने आया यह वीडियो एक अलग पहलू दिखाता है। राजनीति और सीमाओं से अलग आम लोगों के अनुभवों में इंसानियत, इलाज और मदद जैसी भावनाएं भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। फिलहाल वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है और महिला की कहानी को लेकर यूजर्स अपनी-अपनी राय साझा कर रहे हैं।

