ऑपरेशन सिंदूर की डॉक्यूमेंट्री पर पाकिस्तान भड़का, बोला- ‘एकतरफा कहानी दिखाकर सैन्य नाकामी को जीत बताया’

डिस्कवरी की ‘डिक्लासिफाइड: ऑपरेशन सिंदूर’ डॉक्यूमेंट्री पर पाकिस्तान ने आपत्ति जताई है। पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता अहमद शरीफ चौधरी ने इसे भारत के पक्ष में बनी ‘प्रोपेगेंडा फिल्म’ बताया।

ऑपरेशन सिंदूर की डॉक्यूमेंट्री पर पाकिस्तान भड़का, बोला- ‘एकतरफा कहानी दिखाकर सैन्य नाकामी को जीत बताया’

ऑपरेशन सिंदूर पर बनी डिस्कवरी की डॉक्यूमेंट्री को लेकर पाकिस्तान ने कड़ी आपत्ति जताई है। पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने इसे भारत के पक्ष में बनाई गई ‘प्रोपेगेंडा फिल्म’ करार दिया। उनका आरोप है कि डॉक्यूमेंट्री में केवल भारत का पक्ष सामने रखा गया है और घटनाओं की पूरी तस्वीर पेश नहीं की गई।

अहमद शरीफ ने मंगलवार देर रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर डॉक्यूमेंट्री की आलोचना की। उन्होंने इसे ‘ट्रैजेडी और कॉमेडी’ तक बताया। पाकिस्तानी प्रवक्ता के मुताबिक, फिल्म में चुनिंदा इंटरव्यू, भावनात्मक कहानी और फिल्मी अंदाज के जरिए ऑपरेशन सिंदूर को भारत की बड़ी सैन्य सफलता के तौर पर पेश किया गया है।

15 अगस्त को रिलीज हुई डॉक्यूमेंट्री में क्या है?

डिस्कवरी की डॉक्यूमेंट्री ‘डिक्लासिफाइड: ऑपरेशन सिंदूर’ 15 अगस्त को रिलीज हुई थी। इसमें ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े भारतीय सैन्य अधिकारियों के इंटरव्यू शामिल किए गए हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल भी डॉक्यूमेंट्री में ऑपरेशन से जुड़े घटनाक्रम पर अपनी बात रखते नजर आते हैं।

डॉक्यूमेंट्री में भारत की ओर से ऑपरेशन की तैयारी, सैन्य कार्रवाई और उसके बाद के घटनाक्रम को लेकर जानकारी साझा की गई है। इसी प्रस्तुति पर पाकिस्तान ने सवाल उठाते हुए दावा किया है कि फिल्म में घटनाओं को एकतरफा तरीके से दिखाया गया।

पाकिस्तान का दावा- सैन्य नाकामी को बताया गया सफलता

अहमद शरीफ चौधरी ने आरोप लगाया कि डॉक्यूमेंट्री में पाकिस्तान के खिलाफ हुई सैन्य कार्रवाई के परिणामों को भारत की जीत के रूप में पेश किया गया है। उन्होंने कहा कि वीडियो और कहानी के माध्यम से उन घटनाओं को अलग तरीके से प्रस्तुत किया गया, जबकि पाकिस्तान के अनुसार जमीनी स्थिति इससे अलग थी।

पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता ने यह भी दावा किया कि मई 2025 में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सैन्य संघर्ष के दौरान पाकिस्तान ने भारतीय विमानों को निशाना बनाया था। उन्होंने 8 भारतीय सैन्य विमानों को गिराने का दावा दोहराया। हालांकि, भारत पहले ही पाकिस्तान के इन दावों को खारिज कर चुका है।

 

सीजफायर को लेकर भी पाकिस्तान ने उठाए सवाल

पाकिस्तान ने ऑपरेशन सिंदूर के बाद संघर्षविराम को लेकर भी डॉक्यूमेंट्री की कहानी पर सवाल खड़े किए हैं। पाकिस्तानी सेना का कहना है कि दोनों देशों के बीच सैन्य कार्रवाई रोकने को लेकर DGMO स्तर पर बातचीत हुई थी।

पाकिस्तान के मुताबिक, संघर्षविराम किसी एक देश की एकतरफा जीत का नतीजा नहीं था। उसका कहना है कि दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों के बीच बातचीत के बाद तनाव कम करने पर सहमति बनी थी।

पाकिस्तानी पक्ष ने डॉक्यूमेंट्री में भारत की सैन्य कार्रवाई को लेकर किए गए अलग-अलग दावों को भी विरोधाभासी बताया है। उसका आरोप है कि एक तरफ भारत की कार्रवाई को बेहद सटीक और प्रभावी बताया गया, वहीं दूसरी तरफ लड़ाई को सीमित रखने और पाकिस्तान को पीछे हटने का अवसर देने की बात कही गई।

पहलगाम हमले के बाद शुरू हुआ था घटनाक्रम

ऑपरेशन सिंदूर की पूरी कहानी 22 अप्रैल 2025 के पहलगाम आतंकी हमले के बाद शुरू हुई। पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव तेजी से बढ़ गया था।

भारत ने 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में मौजूद आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया। भारत ने इसे पहलगाम हमले के जवाब में की गई आतंकवाद विरोधी कार्रवाई बताया था।

इसके बाद दोनों देशों के बीच सैन्य तनाव और बढ़ गया। कई दिनों तक ड्रोन, मिसाइल और हवाई हमलों को लेकर दोनों तरफ से दावे और जवाबी दावे सामने आए। 10 मई 2025 को दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों के बीच DGMO स्तर की बातचीत के बाद सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमति बनी।

डॉक्यूमेंट्री के बाद फिर चर्चा में ऑपरेशन सिंदूर

ऑपरेशन सिंदूर के करीब एक साल बाद रिलीज हुई इस डॉक्यूमेंट्री ने भारत-पाकिस्तान के बीच उस सैन्य संघर्ष को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है। भारत की ओर से जहां डॉक्यूमेंट्री में ऑपरेशन की रणनीति और कार्रवाई से जुड़े पक्ष को सामने रखा गया है, वहीं पाकिस्तान इसे एकतरफा प्रस्तुति बता रहा है।

इस पूरे विवाद में दोनों देशों के दावों में अंतर साफ दिखाई देता है। पाकिस्तान डॉक्यूमेंट्री को भारत की छवि मजबूत करने वाला प्रयास बता रहा है, जबकि डॉक्यूमेंट्री में शामिल भारतीय अधिकारियों ने ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े घटनाक्रम का अपना पक्ष रखा है।