IRGC कमांडर का अल्टीमेटम: हमले जारी रहे तो क्षेत्रीय ठिकाने बनेंगे निशाना, तेल 85 डॉलर पार
ईरान की अमेरिका-इजरायल को कड़ी चेतावनी, होर्मुज जलडमरूमध्य पर संकट से वैश्विक ऊर्जा बाजार में उछाल। ब्रेंट क्रूड 85 डॉलर पार, तेल 200 डॉलर तक पहुंचने की आशंका।
मध्य पूर्व में हालात तेजी से बिगड़ते जा रहे हैं। ईरान ने अमेरिका और इजरायल को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि हमले जारी रहे तो तेहरान पूरे क्षेत्र के आर्थिक केंद्रों को निशाना बनाएगा। साथ ही वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति बाधित करने की भी धमकी दी गई है।
Islamic Revolutionary Guard Corps के कमांडर की कड़ी चेतावनी
आईआरजीसी के जनरल इब्राहिम जब्बारी ने कहा कि यदि ईरान के मुख्य केंद्रों पर हमला किया गया, तो जवाब में क्षेत्र के सभी आर्थिक केंद्रों को टारगेट किया जाएगा। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उन्होंने कहा कि ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया है और यदि हालात नहीं सुधरे तो तेल की कीमतें 200 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य पर संकट, तेल 85 डॉलर पार
जब्बारी के बयान के बाद वैश्विक बाजार में तेल की कीमतों में उछाल देखा गया। ब्रेंट क्रूड जुलाई 2024 के बाद पहली बार 85 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर चला गया।
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया का सबसे अहम ऊर्जा मार्ग है। यहां से प्रतिदिन करीब 20 मिलियन बैरल कच्चा तेल और कतर, यूएई जैसे देशों से बड़ी मात्रा में प्राकृतिक गैस का परिवहन होता है। यदि यह मार्ग लंबे समय तक बंद रहता है तो वैश्विक ऊर्जा बाजार और शिपिंग रूट पर व्यापक असर पड़ सकता है।
अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद और भड़का संघर्ष
तनाव उस समय और बढ़ गया जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर संयुक्त हमले किए। इन हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत की खबर सामने आई। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए क्षेत्र में कई सैन्य और आर्थिक ठिकानों को निशाना बनाया।
वैश्विक ऊर्जा संकट की आशंका
ईरान ने चेतावनी दी है कि यदि कोई जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की कोशिश करेगा तो उसे निशाना बनाया जा सकता है। साथ ही तेल पाइपलाइनों पर हमले की धमकी भी दी गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि हालात काबू में नहीं आए, तो तेल आयात करने वाले देशों और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर गहरा असर पड़ सकता है।
Saloni Kushwaha 
