IIT पासआउट फर्जी बाबा गिरफ्तार: पढ़ी-लिखी युवतियों को बनाता था शिकार, यौन शोषण कर करता था ब्लैकमेल

मथुरा में IIT रुड़की से इंजीनियरिंग कर चुके अभिषेक मिश्रा उर्फ आदिकर्ता नारायण दास को पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपी पर युवतियों का ब्रेनवॉश कर यौन शोषण, आपत्तिजनक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और गंधर्व विवाह के नाम पर धोखा देने के आरोप हैं।

IIT पासआउट फर्जी बाबा गिरफ्तार: पढ़ी-लिखी युवतियों को बनाता था शिकार, यौन शोषण कर करता था ब्लैकमेल
आईआईटी बाबा

उत्तर प्रदेश के मथुरा में पुलिस ने एक ऐसे कथित फर्जी बाबा को गिरफ्तार किया है, जो खुद को आध्यात्मिक गुरु बताकर युवतियों को अपने जाल में फंसाता था। आरोपी पर पढ़ी-लिखी लड़कियों का ब्रेनवॉश कर उनका यौन शोषण करने और आपत्तिजनक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने के गंभीर आरोप लगे हैं।

पुलिस ने छत्तीसगढ़ की एक युवती की शिकायत के आधार पर आरोपी अभिषेक मिश्रा उर्फ आदिकर्ता नारायण दास को गिरफ्तार किया है। आरोपी मूल रूप से ओडिशा का रहने वाला है और आईआईटी रुड़की से इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुका है।

IIT से इंजीनियरिंग के बाद बना कथित बाबा

पुलिस के अनुसार, 29 वर्षीय अभिषेक मिश्रा ने वर्ष 2017 से 2021 के बीच आईआईटी रुड़की से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद उसने आध्यात्मिक गुरु का रूप धारण कर सोशल मीडिया के माध्यम से अपना प्रभाव बढ़ाना शुरू किया।

बताया जा रहा है कि आरोपी खुद को "आदिकर्ता नारायण दास" के नाम से प्रचारित करता था और मथुरा के राधाकुंज क्षेत्र में रहकर कथावाचक होने का दावा करता था।

सोशल मीडिया के जरिए बनाता था भक्त

जांच में सामने आया है कि आरोपी ने यूट्यूब पर "राधा कृपा अमृता" नाम से चैनल बना रखा था, जहां वह हिंदी और अंग्रेजी में प्रवचन साझा करता था। इसी माध्यम से वह लोगों, विशेषकर युवतियों से संपर्क स्थापित करता था।

पुलिस के अनुसार, आरोपी खासतौर पर इंजीनियरिंग और उच्च शिक्षा प्राप्त युवतियों को निशाना बनाता था और धीरे-धीरे उनका विश्वास जीतकर उन्हें अपने प्रभाव में ले लेता था।

गंधर्व विवाह के नाम पर शोषण का आरोप

आरोप है कि आरोपी युवतियों को आध्यात्मिक संबंध और गंधर्व विवाह का हवाला देकर अपने पास रहने के लिए प्रेरित करता था। शिकायत के अनुसार, वह कथित तौर पर प्रसाद के नाम पर नशीला पदार्थ देकर युवतियों का यौन शोषण करता था और उनके वीडियो रिकॉर्ड कर लेता था।

बाद में इन्हीं वीडियो और तस्वीरों के आधार पर पीड़िताओं तथा उनके परिवारों को ब्लैकमेल किए जाने के आरोप भी सामने आए हैं।

कई पीड़िताओं की तलाश में जुटी पुलिस

पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने कितनी युवतियों को अपना शिकार बनाया। जांच के दौरान उसके मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरणों से कुछ युवतियों की तस्वीरें और वीडियो भी बरामद होने की जानकारी सामने आई है।

बताया जा रहा है कि आरोपी के आश्रमनुमा ठिकाने पर करीब 24 युवक-युवतियां भी रहते थे। हालांकि समय के साथ कई लोग उसकी गतिविधियों पर संदेह होने के बाद वहां से चले गए।

डिजिटल साक्ष्यों की जांच जारी

पुलिस आरोपी के सोशल मीडिया अकाउंट, मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की फोरेंसिक जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर मामले में और भी गंभीर खुलासे हो सकते हैं।

फिलहाल आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।