34 हजार फीट की ऊंचाई पर संकट… फिर हनुमान चालीसा बनी हिम्मत! कैप्टन स्मित माछर ने PM मोदी को सुनाई उस पल की कहानी
Flydubai Pilot Smit Machchhar: कैप्टन स्मित माछर ने PM मोदी से बातचीत में बताया कि मुश्किल वक्त में वह हनुमान चालीसा पढ़ रहे थे और विमान में सवार लोगों को बचाने की कोशिश कर रहे थे।
फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में को-पायलट के हमले के बाद विमान को सुरक्षित उतारने में अहम भूमिका निभाने वाले भारतीय कैप्टन स्मित माछर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बातचीत में घटना का अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि मुश्किल वक्त में वह हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे थे और उन्हें लगा कि उन्हें हर हाल में विमान में सवार लोगों को बचाने की कोशिश करनी है।
PM मोदी से बातचीत में भावुक हुए कैप्टन स्मित माछर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2 अक्टूबर 2026 को फ्लाईदुबई के कैप्टन स्मित माछर से वीडियो कॉल पर बातचीत की। इस दौरान उन्होंने पायलट के साहस और मुश्किल परिस्थिति में लिए गए फैसलों की सराहना की। बातचीत के दौरान स्मित माछर भावुक भी नजर आए।
स्मित माछर ने प्रधानमंत्री को बताया कि जब वह मुश्किल स्थिति में नीचे गिर गए थे, तब उन्हें पता था कि विमान को बचाने के लिए उन्हें तुरंत कुछ करना होगा। उन्होंने कहा कि वह उस दौरान हनुमान चालीसा पढ़ रहे थे और उन्हें लगा कि वह विमान में सवार लोगों को मरने नहीं दे सकते।
‘मैं सबको नहीं मरने दे सकता था’
स्मित माछर ने घटना को याद करते हुए बताया कि वह 17 साल से विमान उड़ा रहे हैं। उनके मुताबिक, जब वह नीचे गिर गए तो विमान तेजी से नीचे की ओर जा रहा था और उन्हें लगा कि यह आखिरी मौका है।
उन्होंने बताया कि उस समय उनके सामने कॉकपिट का दरवाजा था और उन्हें हर हाल में उसे खोलने की कोशिश करनी थी। उन्होंने यह भी कहा कि इस पूरी घटना में विमान में मौजूद अन्य लोगों की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
स्मित ने प्रधानमंत्री से कहा कि मुश्किल हालात में वह हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे थे। उन्होंने बताया कि वह नियमित रूप से भी इसका पाठ करते हैं।
PM मोदी ने कहा- पूरा देश आपके स्वस्थ होने की कामना कर रहा है
प्रधानमंत्री मोदी ने बातचीत के दौरान स्मित माछर के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने कहा कि देश के लोग उनके लिए प्रार्थना कर रहे हैं और उनके स्वागत के लिए तैयार हैं।
मोदी ने स्मित की मां और पत्नी से हुई बातचीत का भी जिक्र किया और कहा कि परिवार ने मुश्किल समय में हिम्मत दिखाई है। प्रधानमंत्री ने सऊदी अरब की ओर से मिले सहयोग के लिए भी आभार जताया।
क्या हुआ था फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में?
फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 ने 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव के लिए उड़ान भरी थी। विमान में 174 लोग सवार थे। उड़ान के दौरान कॉकपिट में पायलटों के बीच गंभीर घटना हुई। रिपोर्टों के अनुसार, को-पायलट ने कैप्टन स्मित माछर पर हमला किया, जिसके बाद विमान तेजी से नीचे आने लगा।
फ्लाईदुबई ने आधिकारिक तौर पर घटना को कॉकपिट में हुई ‘altercation’ बताया है, जबकि इजराइली अधिकारियों ने पायलट पर हमले और विमान को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जांच की बात कही है। घटना की पूरी वजह और घटनाक्रम की जांच जारी है।
विमान ने सऊदी अरब के तबूक में की इमरजेंसी लैंडिंग
घटना के बाद विमान ने अपना रूट बदला और सऊदी अरब के तबूक स्थित एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग की। रिपोर्टों के मुताबिक, विमान की ऊंचाई बहुत तेजी से कम हुई थी। कैप्टन माछर के घायल होने के बावजूद कॉकपिट का दरवाजा खुलने के बाद यात्रियों और चालक दल के अन्य सदस्यों ने हमलावर को काबू करने में मदद की। इसके बाद अन्य पायलटों ने विमान को सुरक्षित उतारा।
इलाज के बाद स्मित माछर की हालत में सुधार
हमले में गंभीर रूप से घायल हुए कैप्टन स्मित माछर का इलाज किया गया। ताजा रिपोर्टों के मुताबिक उनकी हालत स्थिर है और वह स्वास्थ्य लाभ कर रहे हैं।
घटना के कारणों और को-पायलट के मकसद को लेकर जांच जारी है। उपलब्ध रिपोर्टों में भी कहा गया है कि जांच पूरी होने तक घटना के सभी पहलुओं पर अंतिम निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी।

