अजमेर में ईद सादगी और शोक के बीच, शिया समुदाय ने काली पट्टी बांधकर अदा की नमाज

Ajmer में Eid-ul-Fitr के मौके पर शिया समुदाय ने काली पट्टी बांधकर सादगी से नमाज अदा की। Ajmer Sharif Dargah से शांति और भाईचारे का संदेश दिया गया।

अजमेर में ईद सादगी और शोक के बीच, शिया समुदाय ने काली पट्टी बांधकर अदा की नमाज

राजस्थान के Ajmer में ईद-उल-फितर इस बार अलग अंदाज में मनाई गई। शिया मुस्लिम समुदाय ने सादगी और शोक के माहौल में काली पट्टी बांधकर नमाज अदा की और पारंपरिक उत्सवों से दूरी बनाए रखी।

काली पट्टी बांधकर अदा की नमाज

समुदाय के लोगों ने ईद की नमाज के दौरान काली पट्टी बांधी और किसी तरह का जश्न नहीं मनाया। ना नए कपड़े पहने गए और ना ही घरों में पारंपरिक उत्सव का माहौल रहा।

शांति और अमन के लिए दुआ

नमाज के दौरान दुनिया में चल रहे तनाव को खत्म करने और अमन-चैन कायम होने की दुआ की गई। लोगों ने एकजुट होकर शांति की अपील की और मौजूदा हालात पर चिंता जताई।

दरगाह से भाईचारे का संदेश

Ajmer Sharif Dargah से जुड़े प्रतिनिधियों ने भी ईद के मौके पर शहरवासियों को शांति और भाईचारे का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि मौजूदा वैश्विक परिस्थितियों में एकता और सद्भाव बनाए रखना बेहद जरूरी है।

दुनिया में तनाव पर जताई चिंता

धार्मिक नेताओं ने कहा कि कई देश इस समय संघर्ष और तनाव से गुजर रहे हैं, जिससे वैश्विक शांति प्रभावित हो रही है। ऐसे में हर व्यक्ति को इंसानियत के नाते शांति की कामना करनी चाहिए।

एकता का संदेश देता है त्योहार

ईद का पर्व आपसी प्रेम, भाईचारे और एकता का प्रतीक है। इस अवसर पर लोगों से समाज में सकारात्मक माहौल बनाए रखने और सौहार्द को मजबूत करने की अपील की गई।

इस दौरान पूरे शहर में सादगी के साथ ईद मनाई गई, जहां भावनाओं और संवेदनाओं का माहौल देखने को मिला।