CJP Protest: जेपी नड्डा से बातचीत से CJP नेताओं का इनकार, सरकार बोली- बातचीत के दरवाजे अब भी खुले
नीट पेपर लीक को लेकर जारी आंदोलन के बीच CJP नेताओं ने जेपी नड्डा से बातचीत से इनकार किया। सरकार ने कहा कि वह किसी भी समय और किसी भी स्थान पर बातचीत के लिए तैयार है।
CJP Protest: नीट पेपर लीक को लेकर जारी कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन के बीच सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत को लेकर नया घटनाक्रम सामने आया है। सूत्रों के हवाले से खबर है कि सीजेपी नेताओं ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा के साथ बातचीत से इनकार कर दिया है, जबकि केंद्र सरकार लगातार कह रही है कि वह प्रदर्शनकारियों के साथ किसी भी समय और किसी भी स्थान पर बातचीत के लिए तैयार है।
बताया जा रहा है कि सरकार इस पूरे विवाद का समाधान जल्द से जल्द बातचीत के जरिए निकालना चाहती है। बुधवार को भी केंद्र की ओर से कहा गया था कि सीजेपी जहां चाहे, जिस स्थान पर चाहे, सरकार वहां बातचीत के लिए प्रतिनिधि भेजने को तैयार है।
इस बीच केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग युवाओं की भावनाओं का इस्तेमाल कर आंदोलन को भड़काने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "सरकार नीट मुद्दे पर चर्चा चाहती है और इसके लिए पूरी तरह तैयार है, लेकिन विपक्ष चर्चा से बच रहा है। देश विपक्ष के इस रवैये को देख रहा है।"
वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी स्पष्ट कर चुके हैं कि सरकार संसद के भीतर इस मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है।
गौरतलब है कि एक दिन पहले केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने सोनम वांगचुक से करीब 45 मिनट तक मुलाकात की थी। मुलाकात के बाद नड्डा ने कहा था कि जब भी सीजेपी के नेता बातचीत के लिए समय तय करेंगे, सरकार उनसे मिलने को तैयार है। उन्होंने भरोसा दिलाया था कि सरकार सभी मुद्दों पर खुले मन से चर्चा करेगी और संवाद के जरिए समाधान निकालने का प्रयास करेगी।
बुधवार को सीजेपी के प्रवक्ता सौरव दास ने भी कहा था कि संगठन सरकार से बातचीत करने के लिए तैयार है, हालांकि इसके लिए कुछ शर्तें रखी गई थीं। लेकिन अब सामने आई जानकारी के मुताबिक सीजेपी नेताओं ने फिलहाल बातचीत से इनकार कर दिया है, जिससे गतिरोध और बढ़ गया है।
इधर, गुरुवार सुबह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक मामलों पर बड़ा फैसला लेते हुए घोषणा की कि दोषियों को जल्द सजा दिलाने के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
हालांकि प्रधानमंत्री की घोषणा के बावजूद सीजेपी का धरना-प्रदर्शन जारी है। ऐसे में अब सभी की नजर इस बात पर है कि सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत की कोई नई पहल होती है या आंदोलन आगे और तेज होता है।

