लोकसभा सीटें 543 से बढ़कर 816 हो सकती हैं, महिला आरक्षण लागू करने की बड़ी तैयारी
केंद्र सरकार महिला आरक्षण लागू करने के लिए लोकसभा सीटों को 543 से बढ़ाकर 816 करने पर विचार कर रही है। प्रस्ताव के तहत 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की जा सकती हैं।
देश में एक ऐतिहासिक राजनितिक बदलाव की तैयारी चल रही है। केंद्र सर्कार महिला आरक्षण लागू करने के लिए लोकसभा की कुल 543 सीटों को बढ़ाकर 816 करने पर विचार कर रही है। इस प्रस्ताव का तहत करीब 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की जाएंगी, जो कुल सीटों का लगभग एक-तिहाई हिस्सा है।
सरकार का यह कदम 2023 में पारित नारी शक्ति वंदन अधिनियम या महिला आरक्षण कानून को जल्द लागू करने की दिशा में अहम माना जा रहा है। मौजूदा कानून के अनुसार, महिलाओं को 33% आरक्षण देने के लिए जनगणना और परिसीमन की प्रक्रिया जरुरी थी, लेकिन अब इसे 2011 की जनगणना के आधार पर लागू करने की योजना बनाई जा रही है।
सरकार सीटों की संख्या बढ़ाकर यह सुनिश्चित करना चाहती है कि मौजूदा सांसदों की सीटें कम न हों और साथ ही महिलाओं को आरक्षण भी मिल सके। प्रस्ताव के मुताबिक लोकसभा और राज्य विधानसभाओं की सीटों में करीब 50% तक बढ़ोतरी की जा सकती है।
इस योजना को लागू करने के लिए संविधान में संशोधन करना होगा। फिलहाल लोकसभा की अधिकतम सदस्य संख्या 550 निर्धारित है, जिसे बढ़ाकर 816 करना पड़ेगा।
सीटें बढ़ने से सभी राज्यों में सांसदों की संख्या भी बढ़ेगी, लेकिन राज्यों के बीच सीटों का अनुपात लगभग समान रखा जाएगा, ताकि किसी राज्य का प्रतिनिधित्व कम न हो। सरकार इस प्रस्ताव को 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले लागू करना चाहती है। इसके लिए विपक्षी दलों से सहमति बनाने की कोशिश भी तेज कर दी गई है।
Ayush Pareek 
