करौली में शुरू हुआ चैत्र लक्खी मेला, देशभर से पहुंच रहे पदयात्री

Kaila Devi Lakkhi Mela 2026: करौली के प्रसिद्ध कैलादेवी शक्तिपीठ में चैत्र लक्खी मेले की शुरुआत हो गई है। 17 दिन तक चलने वाले इस मेले में देशभर से श्रद्धालु पदयात्रा कर माता के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।

करौली में शुरू हुआ चैत्र लक्खी मेला, देशभर से पहुंच रहे पदयात्री
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राजस्थान के Karauli स्थित प्रसिद्ध Kaila Devi Temple में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर लगने वाला कैलादेवी चैत्र लक्खी मेला 2026 शुरू हो गया है। यह भव्य धार्मिक आयोजन 16 मार्च से शुरू होकर 17 दिनों तक चलेगा। मेले में शामिल होने के लिए देश के अलग-अलग हिस्सों से श्रद्धालु लगातार करौली पहुंच रहे हैं।

पदयात्रा करते हुए माता के दरबार पहुंच रहे श्रद्धालु

आस्था और भक्ति के इस अनोखे संगम में श्रद्धालु हाथों में ध्वजा लेकर ‘लांगुरिया’ गीत गाते हुए पदयात्रा करते हुए माता के दरबार की ओर बढ़ रहे हैं। नन्हे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक हर आयु वर्ग के लोग माता के दर्शन के लिए मीलों का सफर तय कर रहे हैं। कई श्रद्धालु साइकिल और बाइक से पहुंच रहे हैं, जबकि बड़ी संख्या में भक्त नंगे पैर कंकड़-पत्थरों भरे रास्तों से गुजरते हुए भी करौली की ओर बढ़ते नजर आ रहे हैं।

श्रद्धालुओं के लिए विशेष बस सेवा

मेले के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए Rajasthan State Road Transport Corporation की ओर से 300 से अधिक मेला स्पेशल बसें चलाई जा रही हैं। आगरा ईदगाह, धौलपुर, बाड़ी, झील की देवी, मेहंदीपुर बालाजी, हिण्डौन रेलवे स्टेशन, हिण्डौन बस स्टैंड और करौली सहित कई स्थानों से बस सेवा उपलब्ध कराई गई है।

इसके अलावा आगरा और हिण्डौन रेलवे स्टेशन समेत चार जिलों में कुल 9 स्थानों पर अस्थायी मेला बस स्टैंड बनाए गए हैं। मेला स्पेशल बसों में यात्रियों को किराए में करीब 50 प्रतिशत तक की छूट भी दी जा रही है।

सुरक्षा और व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजाम

मेले को लेकर प्रशासन की ओर से सुरक्षा, चिकित्सा, भंडारे और यातायात की व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं। करौली एसडीएम Premraj Meena ने बताया कि मेले के दौरान विभिन्न स्थानों पर पुलिस बल तैनात किया गया है और सभी विभागों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं।

उन्होंने बताया कि भंडारों को मुख्य सड़क से थोड़ी दूरी पर लगाया गया है, ताकि भीड़ के दौरान किसी प्रकार की दुर्घटना की संभावना न रहे। प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मेला क्षेत्र में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जा रही है।