राजस्थान में ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ का रास्ता साफ, पंचायत-निकाय चुनाव एक साथ; कर्मचारियों को रिटायरमेंट तक बीमा कवर
Rajasthan Cabinet Decision: भजनलाल सरकार ने पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने का फैसला किया है। कैबिनेट बैठक में मजदूरी, कर्मचारियों के बीमा, 125 दिन रोजगार, एग्रो इंडस्ट्री और पौधारोपण को लेकर भी बड़े फैसले हुए।
राजस्थान में पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव को लेकर सरकार ने बड़ा फैसला किया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई कैबिनेट और मंत्रिपरिषद की बैठक में ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा को आगे बढ़ाते हुए पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा सरकारी कर्मचारियों के बीमा कवर, मजदूरों के वेतन और काम के घंटे, ग्रामीण रोजगार, एग्रो फूड प्रोसेसिंग और पर्यावरण से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई।
बैठक के बाद कानून मंत्री जोगाराम पटेल, उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा और उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी।
पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने की तैयारी
कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि सरकार पहले से ही ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा के पक्ष में रही है और बजट में भी इसका उल्लेख किया गया था। अब इसी दिशा में आगे बढ़ते हुए इस साल पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने का फैसला किया गया है।
उन्होंने बताया कि जिन पंचायतों और निकायों का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, साथ ही जिनका कार्यकाल नवंबर तक पूरा होने वाला है, उनके चुनाव एक साथ कराए जाएंगे। चुनाव प्रक्रिया में न्यायालय की ओर से दिए गए निर्देशों का भी पालन किया जाएगा।
कैबिनेट ने ओबीसी कमीशन की रिपोर्ट को भी मंजूरी दे दी है।
सरकारी कर्मचारियों को रिटायरमेंट तक मिलेगा बीमा लाभ राज्य सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए भी अहम फैसला किया है। अब कर्मचारियों को राज्य बीमा योजना का लाभ उनकी सेवानिवृत्ति की अंतिम तारीख तक मिलेगा। पहले सेवानिवृत्ति वाले वर्ष में 1 अप्रैल तक ही राज्य बीमा का लाभ मिलता था। नए फैसले से उन कर्मचारियों को राहत मिलेगी जो वित्तीय वर्ष के दौरान सेवानिवृत्त होते हैं।
मजदूरों के लिए नई राज्य मजदूरी संहिता-2026
- कैबिनेट ने ‘राज्य मजदूरी संहिता-2026’ को भी मंजूरी दी है। इसके तहत मजदूरों का वेतन तय करने के लिए वैज्ञानिक पद्धति अपनाने का प्रावधान किया गया है।
- नई व्यवस्था में साल में दो बार मजदूरी में संशोधन किया जाएगा। इसके लिए 1 अप्रैल और 1 अक्टूबर की तारीख निर्धारित की गई है। कर्मचारियों को वेतन की सैलरी स्लिप देना भी अनिवार्य होगा।
- काम के घंटे को लेकर भी नियम तय किए गए हैं। मजदूर से एक सप्ताह में अधिकतम 48 घंटे काम लिया जा सकेगा। लगातार 5 घंटे काम के बाद कम से कम आधे घंटे का विश्राम देना जरूरी होगा।
ग्रामीण परिवारों को अब 125 दिन रोजगार की गारंटी
उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सुरक्षा बढ़ाने के लिए ‘विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ यानी ‘विकसित भारत-जी.आर.ए.एम.’ योजना को मंजूरी दी गई है।
इस योजना के तहत ग्रामीण परिवारों को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिनों के रोजगार की वैधानिक गारंटी मिलेगी। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के साथ रोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ाना है।
योजना के तहत जल संरक्षण, बुनियादी ढांचे के निर्माण और आपदा प्रबंधन जैसे कार्यों को भी शामिल किया जाएगा। योजना की निगरानी डिजिटल माध्यम से की जाएगी, ताकि पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे। महिलाओं और कमजोर वर्गों की भागीदारी को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
नई एग्रो इंडस्ट्री लगाने वालों को मिलेंगे प्रोत्साहन
- उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने बताया कि कैबिनेट ने एग्रो फूड प्रोसेसिंग पॉलिसी-2026 को मंजूरी दी है।
- नई नीति का उद्देश्य राजस्थान में कृषि आधारित उद्योगों और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र को बढ़ावा देना है। इसके तहत फल-सब्जी, दलहन-तिलहन, फार्मास्युटिकल और पशु आहार से जुड़े उद्योगों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
- राज्य में नई एग्रो इंडस्ट्री स्थापित करने वाले निवेशकों और उद्यमियों को सरकार की ओर से विशेष छूट और प्रोत्साहन दिए जाएंगे। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में निवेश बढ़ने और रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
राजस्थान में हर साल लगाए जाएंगे 10 करोड़ पौधे
पर्यावरण को लेकर भी कैबिनेट ने बड़ा फैसला किया है। सरकार ने ‘ट्री आउटसाइड पॉलिसी’ को मंजूरी दी है।
‘मिशन हरियालो राजस्थान’ के तहत राज्य में हर साल **10 करोड़ पौधे लगाने** का लक्ष्य रखा गया है। नदी, नालों और सड़कों के किनारे बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जाएगा।
सरकार का दावा है कि इस पहल से हरियाली बढ़ाने के साथ पर्यावरण संरक्षण और जलवायु संतुलन को भी मजबूती मिलेगी।
कैबिनेट के बड़े फैसले एक नजर में
* पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने का फैसला
* ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की दिशा में बड़ा कदम
* सरकारी कर्मचारियों को रिटायरमेंट की अंतिम तारीख तक राज्य बीमा
* राज्य मजदूरी संहिता-2026 को मंजूरी
* साल में दो बार मजदूरी बढ़ाने का प्रावधान
* मजदूरों के लिए 48 घंटे साप्ताहिक कार्य सीमा
* 5 घंटे काम के बाद आधे घंटे का विश्राम अनिवार्य
* ग्रामीण परिवारों को 125 दिन रोजगार की वैधानिक गारंटी
* एग्रो फूड प्रोसेसिंग पॉलिसी-2026 को मंजूरी
* हर साल 10 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य

