संसद परिसर में विपक्ष का प्रदर्शन: बच्चों पर कथित अत्याचार और राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर सरकार पर निशाना, अमित शाह के खिलाफ लगे नारे
New Delhi News: संसद के मानसून सत्र के दौरान विपक्षी सांसदों ने बच्चों से जुड़े मुद्दों, राम मंदिर चढ़ावा विवाद और अन्य विषयों को लेकर संसद परिसर में प्रदर्शन किया। इस दौरान अमित शाह के खिलाफ नारेबाजी भी हुई।
New Delhi News: संसद के मानसून सत्र के दौरान सोमवार को संसद परिसर में विपक्षी दलों के सांसदों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान बच्चों पर कथित बर्बरता, राम मंदिर में कथित ‘चढ़ावा चोरी’ के आरोप और अन्य मुद्दों को लेकर सरकार को घेरा गया। इस दौरान कुछ सांसदों और प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ नारेबाजी भी की, जिनमें “अमित शाह कायर है” जैसे नारे सुनाई दिए।
विपक्षी सांसदों ने आरोप लगाया कि देश में बच्चों से जुड़े गंभीर मामलों में सरकार संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई करने में विफल रही है। साथ ही अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे के कथित प्रबंधन और अनियमितताओं के आरोपों को लेकर भी सरकार से जवाब मांगा गया। विपक्ष का कहना था कि इन मामलों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराई जानी चाहिए ताकि जनता के बीच उठ रहे सवालों का समाधान हो सके।
प्रदर्शन के दौरान सांसदों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर सरकार के खिलाफ नारे लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार महत्वपूर्ण मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है, जबकि जनता से जुड़े गंभीर विषयों पर जवाबदेही तय नहीं की जा रही।
विपक्षी नेताओं ने कहा कि संसद लोकतांत्रिक व्यवस्था का सबसे बड़ा मंच है और वे जनता की आवाज को संसद के भीतर और बाहर दोनों जगह उठाते रहेंगे। उनका कहना था कि बच्चों की सुरक्षा और धार्मिक संस्थानों में पारदर्शिता जैसे मुद्दे राजनीतिक नहीं बल्कि जनहित से जुड़े विषय हैं।
वहीं, सत्तापक्ष की ओर से इन आरोपों पर अलग रुख अपनाया गया। सरकार समर्थक नेताओं का कहना है कि विपक्ष बिना पर्याप्त तथ्यों के राजनीतिक आरोप लगा रहा है और संसद की कार्यवाही को प्रभावित करने का प्रयास कर रहा है।
संसद परिसर में हुए इस प्रदर्शन के चलते कुछ समय तक राजनीतिक माहौल गर्म रहा। आने वाले दिनों में इन मुद्दों पर संसद के भीतर भी तीखी बहस होने की संभावना जताई जा रही है।

